राजधानी लखनऊ में नाका के राजेंद्र नगर निवासी यतेंद्र कुमार पंत ने चालक पवन पर इंडियन बैंक स्वास्थ्य भवन शाखा के अधिकारियों और कर्मियों पर उनकी मृत भाभी के खाते से 10 लाख रुपये निकालने का आरोप लगाया है। डीसीपी पश्चिम कमलेश दीक्षित के आदेश पर वजीरगंज पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की है।
यतेंद्र के मुताबिक, इंडियन बैंक में उनकी स्व. भाभी गीता पंत का खाता है। छह मई 2021 को भाभी की मौत हो चुकी थी। इससे पहने भाई का भी स्वर्गवास हो गया था। आरोप है कि दोनों की मृत्यु के बाद उनके चालक पवन ने धोखाधड़ी करके उनकी संपत्ति हड़प ली। मामले में 08 मई 2022 को उन्होंने पारा थाने में केस भी दर्ज कराया था।
उन्होंने बताया कि इस बीच उन्हें इंडियन बैंक में स्व. भाभी के खाते के संचालन की जानकारी हुई। 30 मई को उन्होंने बैंक में शाखा प्रबंधक को पत्र देकर भाभी का खाता बंद करने की बात कही। उस समय खाते में 28.11 लाख रुपये थे।
आरोप है कि कोर्ट से उन्हें स्व. भाभी का उत्तराधिकारी बनाए जाने पर जब वह दोबारा बैंक रकम लेने पहुंचे तो पता चला कि खाते में सिर्फ 18 लाख रुपये बचे थे। पड़ताल करने पर पता चला कि बैंक अधिकारियों और कर्मियों की मिलीभगत से खाते से पवन ने 10 लाख रुपये निकाल लिए हैं।
यतेंद्र का कहना है कि जब उन्होंने इस संबंध में शाखा प्रबंधक से पूछताछ की तो उन्होंने कोई संतोषजनक जवाब नहीं दिया। उनसे अभद्रता भी की। इंस्पेक्टर राजेश त्रिपाठी के मुताबिक, पुलिस टीम बैंक से संपर्क कर रही है। विवेचना में जो भी साक्ष्य सामने आएंगे उस आधार पर कार्रवाई होगी।