जमा लड़ाने के बाद फर्राटे भरकर नये साल का जश्न मनाया तो महंगा पड़ेगा, क्योंकि मयखाने के बाहर ही पुलिस टीम मुस्तैद रहेगी और नशे में स्टीयरिंग थामते ही दबोच लेगी।
ऐसे में 31 दिसंबर की रात हवालात में गुजारनी पड़ेगी। डीआईजी नवनीत सिकेरा ने बताया कि नये साल के जश्न में गुंडागर्दी और हुल्लड़बाजी पर सख्ती से पाबंदी लगाने के आदेश दिए गए हैं।
इसके चलते 31 दिसंबर की शाम से हर सड़क पर पुलिस तैनात रहेगी। मयखानों के बाहर मुस्तैद टीम पीकर निकलने वालों पर नजर रखेगी और ड्राइविंग सीट पर बैठते ही उन्हें दबोचकर संबंधित थाने के हवालात में पहुंचा दिया जाएगा।
राजधानी में 30 ऐसे स्थान चिह्नित किए गए हैं, जहां नये साल का जश्न मनाने के दौरान शराब पीकर हुड़दंग व हंगामे की आशंका है। इन स्थानों पर पुलिस की नजर रहेगी।
हजरतगंज, गोमतीनगर, इंदिरानगर, कृष्णानगर, आलमबाग क्षेत्र के कुछ खास स्थानों पर हुड़दंग रोकने के लिए न सिर्फ पुलिस टीमों को लगातार गश्त के आदेश दिए गए हैं, बल्कि सीसीटीवी कैमरे भी लगाए गए हैं।
इनके जरिए उच्चाधिकारी संबंधित स्थानों की गतिविधियों पर नजर रखने के साथ ही इलाके में मौजूद पुलिसकर्मियों को कार्रवाई के आदेश देंगे।
छेड़खानी, हुड़दंग या गुंडागर्दी करते पकड़े गए व्यक्ति के चालान के साथ सीसीटीवी फुटेज को साक्ष्य के तौर पर कोर्ट में पेश किया जाएगा।
डीआईजी ने बताया कि सोमवार को विभिन्न स्थानों पर चेकिंग अभियान चलाने के साथ खास जानकारी जुटाई जाएगी। पुलिसकर्मियों को आदेश दिए गए हैं कि वे नववर्ष के किसी समारोह में शामिल न हों बल्कि सड़क पर मुस्तैद रहकर नये साल का स्वागत करें।