लखनऊ। कानपुर रोड स्थित निजी हॉस्पिटल के डॉक्टरों ने 56 वर्षीय मरीज का लिवर ट्रांसप्लांट बिना किसी ब्लड ट्रांसफ्यूजन के सफलतापूर्वक किया है। यह मेडिकल क्षेत्र में नई मिसाल है। अस्पताल की टीम ने सात महीनों में 20 सफल लिवर ट्रांसप्लांट किए हैं।
मैनपुरी के रहने वाले मरीज की हालत गंभीर थी। उसका एमईएलडी स्कोर 30 था। मरीज की जान बचाने के लिए उनकी पत्नी ने अपना लिवर दान किया। डॉ. अभिषेक यादव, सीनियर डायरेक्टर एवं हेड लिवर ट्रांसप्लांट और डॉ. उत्कर्ष श्रीवास्तव, कंसल्टेंट लिवर ट्रांसप्लांट व उनकी टीम ने यह सर्जरी की। डॉ. अभिषेक यादव ने बताया कि आमतौर पर लिवर ट्रांसप्लांट में भारी मात्रा में खून बहता है।
इसके लिए कई यूनिट ब्लड की व्यवस्था करनी पड़ती है। इस मामले में ब्लड डोनर की कमी के कारण टीम ने न्यूनतम रक्तस्राव की रणनीति अपनाई और सर्जरी बिना खून चढ़ाए पूरी की। मरीज को ऑपरेशन के आठवें दिन ही अस्पताल से छुट्टी दे दी गई, जबकि सामान्य तौर पर 20 से 25 दिन लगते हैं। अस्पताल के प्रबंध निदेशक और सीओओ डॉ. मयंक सोमानी ने इस उपलब्धि को टीम की विशेष कुशलता का परिणाम बताया।