दोनों डॉक्टरों के परिजनों को भी होम क्वारंटीन में रहने की सलाह दी गई है। यदि किसी में लक्षण मिला तो जांच कराई जाएगी। डॉक्टर पूरी तरह से सावधानी बरत रहे थे और मरीज में पुष्टि होने के बाद खुद क्वारंटीन में थे। ऐसे में उनके जरिए अन्य लोगों में वायरस फैलने की आशंका नहीं है। फिर भी हर स्तर पर एहतियात बरता जा रहा है।
राजधानी में पहले भी डॉक्टर आ चुके हैं चपेट में
राजधानी में 11 मार्च को गोमती नगर निवासी महिला डॉक्टर पॉजिटिव पाई गई थीं। वह कनाडा से लौटी थीं। वह राजधानी में कोरोना की पहली मरीज थीं। वहीं 18 मार्च को केजीएमयू के एक रेजिडेंट डॉक्टर भी मरीज का इलाज करते वक्त वायरस की चपेट में आ गए थे। अब निजी अस्पताल के 2 डॉक्टर भी वायरस की चपेट में आ गए। वहीं, केजीएमयू की दो नर्स और एक निजी अस्पताल की नर्स भी संक्रमण की चपेट में आ चुकी हैं।