जीसीआरजी मेडिकल कॉलेज पहुंची डीजीएमई की टीम
छात्रों ने लगाई थी कॅरिअर बचाने की गुहार
महानिदेशक चिकित्सा शिक्षा और उनकी टीम ने मंगलवार को जीसीआरजी मेडिकल कॉलेज का निरीक्षण किया। मेडिकल कॉलेज के छात्र-छात्राओं की शिकायत के बाद पहुंची टीम को वहां कई अनियमितताएं मिली हैं। टीम अपनी रिपोर्ट बनाकर शासन को सौंपेगी। इसके बाद आगे का फैसला लिया जाएगा।
डीजीएमई प्रो. केके गुप्ता ने बताया कि अंबेडकर नगर मेडिकल कॉलेज के प्रिंसिपल डॉ. पीके सिंह, कानपुर मेडिकल कॉलेज के एसोसिएट प्रोफेसर डॉ. मनीष सिंह और एक अन्य शिक्षक की टीम मंगलवार को जीसीआरजी मेडिकल कॉलेज पहुंची थी। उन्होंने छात्र-छात्राओं और उनके परिवारीजनों से वार्ता की। उनकी समस्याओं की जानकारी ली। इसके बाद प्रबंधक डॉ. ओमकार यादव व उनके बेटे अभिषेक यादव से भी छात्रों की समस्याओं के बारे में पूछताछ की। उन्होंने बताया कि छात्र-छात्राओं ने अपने पत्र में जो शिकायतें की थीं, उनमें से कई सही पाई गई हैं। निरीक्षण की रिपोर्ट बनाई जा रही है। शासन ने शिकायतों को गंभीरता से लिया है। छात्र-छात्राओं के कॅरिअर से मेडिकल कॉलेज प्रबंधन को खिलवाड़ नहीं करने दिया जाएगा।
ये है मामला
बीकेटी में स्थित जीसीआरजी मेडिकल कॉलेज कीछात्र-छात्राओं ने 14 अक्तूबर को अपना कॅरिअर बचाने के लिए जीपीओ हजरतगंज में धरना-प्रदर्शन किया था। इसके बाद वह डीजीएमई ऑफिस भी कॉलेज प्रबंधन के खिलाफ शिकायत करने गए थे। उनका आरोप था कि कॉलेज प्रशासन उन्हें प्रताड़ित कर रहा है। 2016 बैच के इन छात्र-छात्राओं का कहना है कि मेडिकल काउंसिल ऑफ इंडिया ने आगे बैच चलाने की अनुमति नहीं दी थी। इसके चलते मेडिकल कॉलेज में शिक्षण से लेकर इलाज की व्यवस्थाएं बदहाल हो गई। कॉलेज में 2016 बैच में कुल 96 छात्र-छात्राएं हैं।