यूपी सरकार ने आयुर्वेद विभाग में मृतक आश्रितों की भर्ती पर रोक लगा दी है। यह रोक समूह ग के स्वीकृत पदों से अधिक संख्या में कनिष्ठ लिपिकों की तैनाती के कारण लगी है। अब पहले स्वीकृत पदों पर अधिसंख्य पदों को खत्म किया जाएगा।
इसके बाद ही मृतक आश्रितों की भर्तियां की जाएंगी। दरअसल, आयुर्वेद विभाग में समूह ग के कुल 227 पद स्वीकृत हैं। सभी पद भरे हुए हैं। मृतक आश्रितों को भी समूह ग में कनिष्ठ लिपिक के पद पर नियुक्ति दी जाती है।
इन्हें भी विभाग में जब नियुक्तियां मिलीं। इस तरह कनिष्ठ लिपिक पद पर 280 भर्तियां अब तक हो चुकी हैं। यह मामला जब सरकार के संज्ञान में आया तो सरकार ने मृतक आश्रितों की भर्ती पर रोक लगा दी।
इस संबंध में शासन की ओर से निदेशक आयुर्वेद को भेजे में कहा गया है कि जब तक स्वीकृत पदों के तुलना में विभाग में नियुक्त कनिष्ठ लिपिकों का समायोजन नहीं हो जाता तब तक मृतक आश्रितों की भर्तियां न की जाएं। इस आदेश के बाद आयुर्वेद विभाग में मृतक आश्रित में नौकरी की आस लगाए लोगों को इंतजार करना होगा।