लखनऊ। शहर में मंगलवार को अलग-अलग इलाकों में डेंगू के 52 मरीज मिले। इनमें से कई अस्पतालों में भर्ती हैं।
सीएमओ के प्रवक्ता योगेश रघुवंशी ने बताया कि फैजुल्लागंज, इंदिरानगर और अलीगंज में सबसे अधिक आठ-आठ मरीज मिले हैं। सिल्वर जुबली इलाके में छह टुडियागंज में पांच, ऐशबाग, रेडक्रॉस व चिनहट में चार-चार, एनके रोड पर तीन और सरोजनीनगर में दो मरीज मिले हैं।
जिले में इस वर्ष डेंगू के 853 केस मिल चुके हैं। मच्छर पनपने की हालात मिलने पर आठ घरों के मालिकों को नोटिस जारी किया गया। जिला मलेरिया अधिकारी की टीमों ने छिड़काव किया।
उधर, मलेरिया के भी सात मरीज मिले हैं। अलीगंज व इंदिरानगर में दो-दो, एनके रोड, चंदरनगर व बीकेटी में एक मामला सामने आया। चिकनगुनिया के तीन मरीज टुडियागंज, अलीगंज व इंदिरानगर में मिले। इस वर्ष मलेरिया के 433 व चिकनगुनिया के 66 रोगी मिल चुके हैं।
फैजुल्लागंज में डेंगू का डंक तेज हो गया है। मंगलवार को यहां के श्रीनगर मोहल्ले से आठ मरीज मिले। इनमें से एक को हालत गंभीर होने पर आईसीयू में भर्ती किया गया है। गों में नाराजगी है कि पिछले महीने इसी मोहल्ले में छात्र श्रेष्यांश की डेंगू से जान जाने के बाद भी जिम्मेदार विभाग लापरवाह बने हैं। अब मोहल्ले के दीपक दुबे, रश्मि कटियार, पवन लाल गुप्ता, अभय शर्मा, अभिषेक श्रीवास्तव, गिरिजा शंकर दुबे, महेश सोनी, रूबी सिंह डेंगू की चपेट में हैं। इनमें से महेश निजी अस्पताल के आईसीयू में भर्ती है।
खास बात है कि एक साथ इतने डेंगू मरीज मिलने के बाद भी मोहल्ले में न तो फॉगिंग हुई और न ही एंटीलार्वा का छिड़काव किया गया।