दिल्ली के कारोबारी पर खुदकुशी व हत्या के लिए उकसाने का केस
नाका के पानदरीबा में 26 अगस्त की रात पत्नी मधु सिंह को गोली मारने के बाद ट्रांसपोर्ट कारोबारी अनुरूप सिंह के खुद को गोली से उड़ाने के मामले में उनके दिल्ली के कारोबारी दोस्त के खिलाफ पत्नी की हत्या व खुदकुशी के लिए उकसाने का मुकदमा दर्ज किया गया है।
बेटे ने 38 दिन बाद नाका थाने में मुकदमा दर्ज कराया। प्रभारी निरीक्षक नाका सुजीत कुमार दुबे के मुताबिक, अनुरूप सिंह का बड़ा बेटा आदित्य कनाडा में नौकरी करता है।
आदित्य के मुताबिक, पिता की दोस्ती नई दिल्ली के मालवीय नगर निवासी धर्मेंद्र यादव से थी। दोनों में कारोबारी रिश्ते थे।
आरोप है कि धर्मेंद्र ने अनुरूप सिंह से 50 लाख रुपये उधार लिया था, जिसे एक साल में वापस करने की बात कही थी। पिता ने रुपये मांगे तो धर्मेंद्र ने धमकी देनी शुरू कर दी।
दबाव बनाया तो 44 लाख का दिया चेक
आदित्य का आरोप है कि पिता ने जब दबाव बनाया तो उसने 44 लाख रुपये का एक चेक दिया, जो बाउंस कर गया। आदित्य के मुताबिक चेक बाउंस होने पर उसके पिता ने धर्मेंद्र के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया था। इसके बाद धर्मेंद्र मुकदमा वापस लेने का दबाव बना रहा था, जिसके बारे में आदित्य से उसके पिता ने जिक्र भी किया था। उसने धमकी दी है कि अगर मुकदमा वापस नहीं लिया। तो परिवार को खत्म कर देगा। यह बात उसकी मां मधु ने भी दोहराई थी।