उप मुख्यमंत्री डॉ. दिनेश शर्मा
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उप मुख्यमंत्री डॉ. दिनेश शर्मा ने कहा कि विश्वविद्यालयों और महाविद्यालयों में भी परीक्षाएं नकल विहीन कराई जाएंगी। सीसीटीवी युक्त महाविद्यालयों को ही परीक्षा केन्द्र बनाया जाएगा। जिन महाविद्यालयों की प्रबंध समिति में विवाद है, उन्हें 2018 में परीक्षा केन्द्र नहीं बनाया जाएगा।
बुधवार को योजना भवन में राज्य विश्वविद्यालयों के कुलपतियों के साथ वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग में डॉ. दिनेश शर्मा ने कुलपतियों को जिला प्रशासन के साथ बैठक कर नकल विहीन परीक्षा कराने और पारदर्शिता से परीक्षा केन्द्र निर्धारित करने के निर्देश दिए।
उन्होंने कहा कि परीक्षा केन्द्र निर्धारण में राजकीय महाविद्यालयों को वरीयता दी जाए। इसके बाद अशासकीय महाविद्यालयों पर विचार हो। उन्होंने परीक्षा केन्द्रों का मानक के अनुरूप भौतिक सत्यापन कराने को कहा। यह भी कहा कि राजनीतिक या प्रशासनिक दबाव में केन्द्र निर्धारित नहीं किए जाएं। संवेदनशील महाविद्यालयों की सूची पुलिस व प्रशासन को सौंपने को कहा।
राज्य विश्वविद्यालयों से संबद्ध महाविद्यालयों में स्वकेन्द्र की जगह निकटतम महाविद्यालय को परीक्षा केन्द्र बनाने और छात्राओं के लिए स्वकेन्द्र प्रणाली लागू करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा, परीक्षा केन्द्र 8 किलोमीटर से अधिक दूर नहीं होना चाहिए।
डॉ. शर्मा ने कहा कि15 जून तक सभी परीक्षाओं का परिणाम अनिवार्य रूप से घोषित किया जाए। 2018 के अंक पत्र ऑनलाइन दिए जाएंगे। 10 जुलाई से सभी महाविद्यालयों में सत्र 2018-19 का पठन पाठन शुरू कर दिया जाए। उन्होंने विश्वविद्यालयों में खाली पदों पर जल्द नियुक्तियां करने और शैक्षिक कैलेंडर का पालन करने पर जोर दिया। उच्च शिक्षा विभाग के अपर मुख्य सचिव संजय अग्रवाल और सचिव रमेश मिश्रा मौजूद थे।