पुलिस कर्मियों के साथ सुनील कुमार।
लखनऊ। ऑनलाइन गेम के जरिये पैसे कमाने के चक्कर में बिजली कर्मी 40 लाख रुपये के कर्ज के दलदल में फंस गया था। इसकी भरपाई न कर पाने पर निजी कर्जदाता व कंपनियां उसे धमकियां दे रही थीं। मानसिक रूप से दबाव में आकर वह तीन दिन पूर्व अपने ऑफिस से भाग गया था। इसके बाद उसने परिजन को अपने झूठे अपहरण की सूचना दी थी। परिजन की शिकायत पर कृष्णानगर पुलिस ने गुमशुदगी दर्ज कर दो टीमें लगाई थीं। पुलिस टीम ने उसे 72 घंटे में जनपद बरेली से सकुशल बरामद कर लिया है।
इंस्पेक्टर कृष्णानगर पीके सिंह ने बताया कि राम विहार कॉलोनी पारा रोड निवासी सुनील कुमार ने छह जनवरी को पुलिस को सूचना दी थी कि इंद्रलोक विद्युत विभाग में कार्यालय सहायक पद पर कार्यरत उनके भाई रजनीश कुमार का अपहरण हो गया है। गुमशुदगी दर्ज कर दो टीमें उनकी तलाश में लगाई गई थीं। करीब 150 कैमरे और सर्विलांस की मदद से शनिवार को जनपद बरेली से बिजली कर्मी को सकुशल खोज लिया गया। पूछताछ में खुलासा हुआ कि उसे ऑनलाइन गेमिंग की लत पड़ गई थी। कई माह से मोबाइल पर विभिन्न एप के माध्यम से ऑनलाइन 40 लाख रुपये का लोन लेकर गेम में हार गया। ऋणदाता कंपनियों उस पर लोन वापसी का दबाव बनाने लगीं। धमकियां मिल रही थीं कि पैसे अदा नहीं किए तो उसकी न्यूड फोटो वीडियो वायरल कर देंगे। इसके बाद वह तीन दिन पूर्व शाम के समय ऑफिस से निकलकर घरवालों को स्वयं के अपहरण की झूठी जानकारी देकर दिल्ली चला गया। वहां से फिर वह बरेली निकल गया था। पुलिस ने उसे परिजनों के सुपुर्द कर दिया है।