लखनऊ। पारा के खुशहालगंज में इंद्रजीत यादव उर्फ कल्लू (13) की संदिग्ध हालात में मौत हो गई। रविवार शाम को उसका शव घर से कुछ दूरी पर स्थित बाग में पेड़ से लटकता मिला। सूचना पर पहुंचे किशोर के परिजनों ने हत्या का आरोप लगाकर हंगामा शुरू कर दिया।
पुलिस ने मृतक के पिता इंदल की तहरीर पर जांच शुरू कर दी है। परिजनों ने पुलिस को बताया कि कल्लू के पास इनाम में निकला पांच सौ का नकली नोट था। उसे हासिल करने के लिए मजदूरों ने हत्या कर दी। मामले में तीन मजदूरों को हिरासत में ले लिया गया है। फोरेंसिक टीम को मौके पर बुलाकर साक्ष्य जुटाए गए।
पुलिस के मुताबिक, इंदल पेशे से मजदूर है। परिवार में पत्नी सुशीला, बेटा मयंक व बेटी सरिता है। बड़ा बेटा इंद्रजीत कक्षा आठ का छात्र था। दोपहर दो बजे इंद्रजीत उर्फ कल्लू पड़ोसी पवन रावत के साथ रोशनलाल की बाग की तरफ गया था।
दोनों के पास 500 रुपये का नकली नोट था। पड़ोस में बुद्धा के बाग में मकान बन रहा है। इसमें उन्नाव के अजगैन निवासी रोमियो, राजेंद्र रावत व वंशीगढ़ी माला का राजू यादव काम कर रहा है।
आरोप है कि तीनों ने दोनों बच्चों के हाथ में नोट देखा जो दूर से असली नजर आ रहा था। मजदूरों ने दोनों पर रुपये चोरी का आरोप लगा दिया। पकड़ने की कोशिश की तो इंद्रजीत व पवन भागकर घर आ गए। दोबारा इंद्रजीत अपनी साइकिल मांगने गया, लेकिन घर नहीं लौटा। शाम करीब चार बजे परिजनों को इंद्रजीत की मौत की सूचना मिली।
किशोर की हत्या का आरोप लगाकर परिजन हंगामा करने लगे। इसकी जानकारी होते ही डीसीपी पश्चिम राहुल राज व कई पुलिस अधिकारी पहुंच गये। आक्रोशित ग्रामीणों ने निर्माणाधीन मकान की दीवार गिरा दी। फिलहाल पुलिस ने तीनों मजदूरों को हिरासत में ले लिया है।
बाग की सिंचाई कर रहे ग्रामीणों ने मजदूरों को फटकारा
पड़ोस के बाग में सिंचाई कर रहे राहुल रावत ने बताया कि शाम को तीनों मजदूर बच्चों को दौड़ा रहे थे। इस पर उन्होंने मजदूरों को फटकारा भी था। गांव के बबलू ने बताया कि मजदूर बाग में खड़े होकर चिल्ला रहे थे वह देखो बाग में पुतला टंगा है। जब देखा तो पेड़ से इंद्रजीत का शव लटक रहा था। उसकी टोपी पेड़ के दूसरी टहनी पर रखी थी। एक पैर में चप्पल थी तो दूसरे पैर की चप्पल नीचे गिरी पड़ी थी। पहचान होते ही मजदूर भागने लगे तो बाग में मौजूद लोगो ने दौड़ाकर पकड़ा लिया। पिटाई कर पुलिस के हवाले कर दिया।
पिटाई के बाद हत्या का आरोप
मृतक इंद्रजीत की बुजुर्ग दादी किरन कह रही थी कि घर में भैंस खोलने के लिए बड़े दादा को बुलाने के लिए जा रहा था , लेकिन खेलने चला गया। चाचा विपिन यादव के अनुसार, मजदूरों ने पहले अर्धनिर्मित मकान में टिनशेड के नीचे बरामदे में डंडे से पिटाई कर इंद्रजीत को मार डाला फिर रस्सी से बाग में लटका दिया। उसके पैरों में डंडे के निशान भी बने थे। तीनों मजदूर नशे में धुत थे। इंस्पेक्टर श्रीकांत राय ने बताया कि पिता ने हत्या की तहरीर दी है। सीसीटीवी कैमरे खंगाले जा रहे है।