बाग में लटका मिला लापता प्रॉपर्टी डीलर का शव, हत्या का केस
मलिहाबाद। लालगंज बड़ीगढ़ी गांव निवासी प्रॉपर्टी डीलर नंद किशोर वर्मा (35) का शव रविवार सुबह पेड़ में रस्सी के सहारे लटका मिला। वह शनिवार दोपहर से लापता थे। रात करीब 11 बजे उनकी गुमशुदगी दर्ज की गई थी। परिजनों ने हत्या का आरोप लगाते हुए कार्रवाई की मांग कर हंगामा किया। नारेबाजी के दौरान पुलिस से नोकझोंक भी हुई। अज्ञात के खिलाफ हत्या का केस दर्ज कर पुलिस जमीन के विवाद व आशनाई के पहलू पर जांच कर रही है।
मृतक के भाई प्रेमचंद ने बताया कि शनिवार दोपहर करीब एक बजे नंद किशोर लेनदेन की बात करने की बात कहकर बाइक लेकर निकले थे। शाम सात बजे नंद किशोर की महिला मित्र राधा ने उनके भांजे दीपक को फोन किया। जानकारी दी कि नंद किशोर ने कॉल कर बताया है कि उनके तीन पार्टनर उनको अगवा कर कहीं ले जा रहे हैं। इस सूचना पर परिजनों ने नंद किशोर को कॉल की, पर फोन नहीं उठा। करीब आधे घंटे के बाद उनका फोन बंद हो गया। परिजन शिकायत लेकर थाने पहुंचे। आरोप है कि पुलिस ने लापरवाही बरती। रात करीब 11 बजे पुलिस ने गुमशुदगी दर्ज की और चुपचाप बैठ गई।
रविवार सुबह करीब 6 बजे घर से 500 मीटर की दूरी पर विधि चंद्र के बाग में पेड़ में नायलॉन की रस्सी के सहारे उनका शव लटका मिला। पुलिस ने फॉरेंसिक टीम को बुला लिया। उनके एक पैर में जूता था। दोनों पैर घुटने से जमीन पर मुड़े हुए थे। बाइक व मोबाइल मौके से मिला। परिजनों का आरोप है कि हत्या कर शव को पेड़ से लटकाकर आत्महत्या का रूप देने का प्रयास किया गया है। हालांकि पोस्टमार्टम रिपोर्ट में हैंगिंग की पुषि्ट हुई है। डॉक्टरों ने हार्ट व विसरा सुरक्षित रखा है।
परिजनों ने पुलिस पर लापरवाही का आरोप लगाया है। कहना है कि शाम को शिकायत लेकर थाने गए तो पुलिस ने गंभीरता से नहीं लिया। अगर उसी वक्त सर्विलांस से लोकेशन ट्रेस की जाती तो नंद किशोर के बारे में पता चल सकता था। उनकी जान भी बच सकती थी। एडीसीपी पश्चिम धनंजय सिंह कुशवाहा ने बताया कि अज्ञात लोगों के खिलाफ हत्या का केस दर्ज कर जांच की जा रही है।
महिला मित्र हिरासत में, पार्टनरों की तलाश
नंदकिशोर पांच भाइयों में सबसे छोटे थे। भाइयों के अलावा मां यशोदा देवी हैं। घरवालों ने बताया कि वह निजी कंपनी में बीमा एजेंट थे और कुछ माह पहले तीन युवकों के साथ मिलकर प्रॉपर्टी डीलिंग का काम शुरू किया था। हाल में ही उन लोगों ने एक जमीन का सौदा कराया था और कमीशन के रुपये नंद किशोर को मिलने थे। परिजनों ने किसी पर खुलकर आरोप नहीं लगाया है। फोन करने वाली राधा को पुलिस ने हिरासत में ले लिया है। उनके तीनों पार्टनरों के बारे में पुलिस जानकारी जुटा रही है।