कौशाम्बी के राजापुर में यमुना नदी पुल के पास महेवाघाट पर एक महिला की सिरकटी निर्वस्त्र लाश मिलने से सनसनी फैल गई।
पुलिस ने महिला की दुराचार के बाद हत्या की आशंका जताई है। माना जा रहा है कि घटना को कहीं और अंजाम देने के बाद शव को यहां फेंका गया है। पुलिस ने शिनाख्त के लिए शव को मोर्चरी भेज दिया है।
राजापुर में यमुना नदी पुल पर स्थित महेवाघाट जिला कौशांबी के अंतर्गत आता है। इसके पास मंगलवार सुबह लोगों ने एक महिला की सिरकटी लाश देखी तो हड़कंप मच गया।
वहां आसपास के लोगों की भीड़ लग गई। तत्काल पुलिस को इसकी सूचना दी गई। शव पूरी तरह से निर्वस्त्र था। जिस्म पर चोट और खरोच के निशान भी नहीं थे। हत्या के दौरान संघर्ष जैसे कोई संकेत भी नहीं मिले।
महिला की नहीं हो सकी शिनाख्त
मृतका की एक अंगुली में सोने की अंगूठी और कलाई पर ब्रेसलेट मिला है। शव की हालत देखकर माना जा रहा है कि वह किसी ठीक ठाक घर से थी और उसकी हत्या कुछ घंटों पहले ही की गई होगी।
मौके पर पहुंचे महेवाघाट के एसओ अर्जुन सिंह ने शव की शिनाख्त के प्रयास किए लेकिन सफलता नहीं मिली। मौके पर खून और संघर्ष के निशान न मिलने पर पुलिस की आशंका है कि घटना कहीं और हुई है।
इसके बाद शव को यहां लाकर यमुना नदी में फेंकने का प्रयास किया गया। शव भारी होने की वजह से वे नदी में नहीं फेंक पाए और यहीं छोड़कर चले गए।
उन्होंने कहा कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही दुराचार के संबंध में कुछ कहा जा सकेगा। मामले की जांच की जा रही है।
इलाहाबाद में किशोरी से घर में घुसकर गैंगरेप
वहीं कौशाम्बी से सटे इलाहाबाद में घर में किशोरी को अकेली पाकर दो युवकों द्वारा उससे सामूहिक बलात्कार करने के मामले में अदालत ने पुलिस को मुकदमा दर्ज करने का आदेश दिया है।
आरोप है कि इससे पूर्व पुलिस ने पीड़िता और उसके भाई को थाने से भगा दिया था। पीड़िता ने एसएसपी को प्रार्थनापत्र दिया था मगर उस पर भी कोई सुनवाई नहीं हुई तो पीड़िता ने अदालत की शरण ली।
प्रार्थनापत्र पर सुनवाई करते हुए एसीजेएम एवी सिंह ने मांडा थाने को मुकदमा दर्ज करने का आदेश दिया है।
पीड़िता ने 156(3) के तहत प्रार्थनापत्र देकर आरोप लगाया है कि 24 दिसंबर 2014 को शाम उसका छोटा भाई सब्जी लेने बाजार चला गया था। घर पर वह अकेली थी।
इसका फायदा उठा अभियुक्त कुंअर और मलन उर्फ मोतीलाल घर में घुस आए और उससे दुराचार किया। विरोध करने पर मारापीटा और जान से मारने की धमकी दी।
भाई के वापस आने पर वह मांडा थाने शिकायत करने दर्ज कराने गई मगर पुलिस ने उसकी रिपोर्ट दर्ज नहीं की। उसने एसएसपी को भी प्रार्थनापत्र देकर शिकायत दर्ज करने की मांग की थी। कोर्ट ने मांडा एसओ को मुकदमा दर्ज कर जांच करने का निर्देश दिया है।