पिता की आंखों के सामने ही पति और ससुराल वालों ने बेटी को फांसी लगाकर मार डाला।
रविवार दोपहर इंचौली में हुए इस सनसनीखेज हत्याकांड के पीछे पैसे की मांग पूरी ना होना बताया गया।
वारदात के बाद आरोपी ससुराल वाले फरार हो गए। पिता की तहरीर पर पति विनोद, ससुर रमेश चंद, सास बिमला, चचिया ससुर चमन और ननद हेमंत के खिलाफ हत्या की धाराओं में रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है।
पुलिस के अनुसार इंचौली थाना क्षेत्र के मसूरी गांव निवासी राजकुमार जाटव की पुत्री संगीता (30) की शादी करीब दस साल पहले इंचौली निवासी रमेश चंद के पुत्र विनोद से हुई थी।
दोनों के दो बच्चे मुरली (7) और अर्चित (5) हैं। विनोद गांव में ही बिजली फिटिंग का काम करता है।
शादी के बाद से ही कर रहे थे प्रताड़ित
विवाहिता के पिता राजकुमार ने पुलिस को बताया कि विनोद और उसके परिवार के लोग शादी के बाद से ही संगीता को परेशान करते थे।
दहेज कम लाने के ताने मारते हुए उसका उत्पीड़न करते थे। कुछ दिन पूर्व विनोद को किसी काम के लिए पैसों की जरूरत पड़ी।
जिसमें उसने संगीता से घर से पैसे लाने की डिमांड कर दी थी। दो दिन पहले भी इसी बात को लेकर झगड़ा हुआ था।
राजकुमार के अनुसार रविवार दोपहर करीब एक बजे विनोद ने उसे कॉल करते हुए धमकी दी कि वह संगीता की हत्या कर देगा।
यह सुनकर वह बुरी तरह घबरा गया और तुरंत मसूरी गांव से इंचौली स्थित बेटी की ससुराल पहुंच गया।
रोता रहा पिता लेकिन नहीं पसीजे दरिंदे
वहां पहुंचा तो देखा कि परिवार के सदस्यों की संगीता से नोकझोंक चल रही है। उसने सभी को समझाने की कोशिश की पर कोई नहीं माना।
आरोप है कि ससुराल वालों को उसने रोकने की कोशिश की तो ससुराल वालों ने उसे धकेल दिया और देखते ही देखते संगीता को फांसी लगाकर मार डाला।
बेबस पिता बेटी को बचाने के लिए चिल्लाता रहा, रोता रहा, लेकिन ससुराल वालों ने संगीता को मारने के बाद ही छोड़ा। संगीता की लाश देखकर वह बदहवास हो गया।
इसी का फायदा उठाकर ससुराल वाले फरार हो गए। इसके बाद उसने ही अपने परिवार के सदस्यों व पुलिस को सूचित किया।