नाका में शनिवार दोपहर महिला की सूझबूझ से एक टप्पेबाज धर पकड़ लिया गया। पति के साथ जा रही महिला को आरोपी खोदाई में मिले लाखों कीमत की सोने की चेनें और चांदी के सिक्के महज एक लाख में देने का झांसा दे रहा था।
इस दौरान महिला ने उसे पहचान लिया। तीन वर्ष पहले भी उक्त युवक ने हजरतगंज में दंपती को इसी प्रकार झांसा देकर नब्बे हजार की चपत लगाई थी। टप्पेबाज को आसपास मौजूद लोगों की मदद से पकड़कर पुलिस के हवाले कर दिया।
कैसरबाग के कटरा मकबूलगंज निवासी शिव प्रसाद शर्मा शनिवार दोपहर पत्नी सुशीला के साथ कुछ सामान खरीदने नाका जा रहे थे। नाका गुरुद्वारे के सामने एक युवक ने उनसे आसपास बैंक ऑफ बड़ौदा की ब्रांच का पता पूछा।
सामने ही ब्रांच होने के चलते उन्होंने इशारा करते हुए युवक को बताया। इस पर युवक ने बातचीत शुरू कर दी और मां के बीमार होने की बात कही। साथ ही बताया कि उसके पास खोदाई मिली सोने की चेनें और चांदी के सिक्के हैं।
बातों का सिलसिला आगे बढ़ाते हुए कहा कि बैंक में जमा कराना चाहता है लेकिन पकड़े जाने के डर से चुपचाप बेचना चाहता है। यदि वे चाहें तो एक लाख में उन्हें सारे जेवरात दे देगा।
तीन वर्ष पहले गंज में ऐसे ही मामले में ठगी जा चुके दंपती को युवक का चेहरा याद आ गया। इस पर उन्होंने भी बातचीत जारी रखी। इसके बाद भागने की कोशिश कर रहे युवक को आसपास मौजूद लोगों की मदद से पकड़ लिया।
पूछताछ में चित्रकूट कर्वी बेरी पुलिया निवासी किशोर ने बताया कि जबलपुर के शिवा के साथ मिलकर ठगी करता है। दो-तीन दिन से मोहनलालगंज में डेरा डाल रखा था। फेरी लगाकर शिकार तलाशता,इसके बाद वारदात करता था।
आरोपी के पास से पुलिस ने सोने का पानी चढ़ी चेनें बरामद की हैं। जबकि दोनों सिक्के चांदी के ही हैं। सुशीला ने बताया कि तीन वर्ष पहले भी पति के साथ नैनीताल बैंक से निकलते समय उक्त शख्स ने ठगी की थी।