नाका पुलिस ने तंत्र-मंत्र के बहाने गहने उड़ाने वाले दो ठगों को शनिवार को गिरफ्तार कर लिया।
दोनों ने एक बुजुर्ग महिला को उसके बेटे के इलाज का झांसा देकर गहने उतरवा कर पुड़िया बनाई और ईंट के टुकड़ों की पुड़िया थमाकर चंपत हो गए। दोनों ने ठगी की कई वारदात कुबूली हैं।
इंस्पेक्टर नाका विजय प्रकाश ने बताया कि एसआई इंद्रपाल सिंह ने टीम की मदद से शनिवार सुबह ऐशबाग पुल के पास मदारी का खेल दिखा रहे हज्जी टोला निवासी फारूक शाह को गिरफ्तार किया। उनके कब्जे से लूटी सोने की चेन व अंगूठी बरामद हुई।
दोनों ने शुक्रवार दोपहर मोहल्ले की एक दुकान से सामान लेने निकली अनुराग की मां को रास्ते में रोककर हड्डी के एक डॉक्टर का पता पूछा।
इस बीच फारूक अपने साथ काले कपड़े पहने खड़े व्यक्ति के पास पहुंचा और खुद को तांत्रिक बताया। उसने कहा कि बाबा जी तंत्र-मंत्र से इलाज करते हैं। अस्पताल में भर्ती एक व्यक्ति का इलाज करने जा रहे हैं।
डॉक्टर ने उसे जवाब दे दिया है। इस पर महिला ने अपने छोटे बेटे का लिवर खराब होने की जानकारी देते हुए उसके इलाज की बात की। उसने कहा कि बेटे को कोई दवा असर नहीं कर रही है।
खुद को पहुंचा हुआ तांत्रिक बता रहे व्यापारी शाह ने महिला के गहने उतार कर उससे पुड़िया बनाने को कहा। बुजुर्ग महिला ने फारूक को गहने दे दिए। फारूक ने पुड़िया बनाते समय महिला का ध्यान भटकाया।
गहनों की पुड़िया जेब में डाली और ईंट-पत्थर की पुड़िया उसे थमा दी। व्यापारी शाह ने मंत्र पढ़कर फूंक मारी और महिला को घर जाकर पुड़िया को पानी में डालने को कहा।
थोड़ी देर बाद उसी पानी से बेटे को नहलाने के लिए कहा। पुड़िया पीकर घर लौटी महिला ने बड़े बेटे अनुराग को जानकारी दी। पुड़िया में ईंट-पत्थर नजर आने पर अनुराग ने दोनों ठगों की तलाश की और मामला दर्ज किया।