वीमेन पॉवर लाइन के एक सिपाही द्वारा छेड़छाड़ के आरोपी को जेल भेजने की धमकी देकर 30 हजार मांगने का मामला तूल पकड़ने पर डीआईजी ने सिपाही को हटा दिया है और सीओ को मामले की जांच के आदेश दिए हैं।
डीआईजी रेंज नवनीत सिकेरा ने बताया कि एक युवती ने ठाकुरगंज क्षेत्र के एक युवक पर छेड़खानी का आरोप लगाते हुए वीमेन पॉवर लाइन-1090 पर शिकायत की थी। पॉवर लाइन द्वारा नियमानुसार कार्रवाई की गई।
आरोपी को फोन करके हिदायत और उसके बाद उसे तलब किया गया था। युवक ने कांस्टेबल धीरेंद्र कुमार पर जेल भेजने की धमकी देकर 30 हजार की मांग का आरोप लगाते हुए बातचीत रिकार्ड किए जाने की बात कही।
सिपाही पर लगे आरोप को गंभीरता से लेते हुए मामले की जांच सीओ बबिता सिंह को सौंपी गई और सिपाही को फिलहाल वीमेन पॉवर लाइन से हटा दिया गया है।
जांच में शिकायत सही मिलने पर उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी और शिकायत फर्जी होने पर उसे फिर से वीमेन पॉवर लाइन में काम का मौका दिया जाएगा।
डीआईजी ने कहा कि वीमेन पॉवर लाइन में रोजाना सैकड़ों महिलाओं की शिकायत दर्ज करके आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की जाती है।
पॉवर लाइन की अपनी साख है। इसमें बट्टा लगाने वाले को बख्शा नहीं जाएगा। आरोपी सिपाही का कहना है कि युवक ने कार्रवाई से बचने के लिए झूठी शिकायत की है।