लखनऊ के वजीरगंज पुलिस ने मंगलवार रात एक ऐसे करोड़पति युवक को पकड़ा है, जो शौक के लिए चोरियां करता था। साथ में उसके दो साथी भी हत्थे चढ़े हैं।
आरोपी युवक टैंपो चालकों, वेटरों को टिप में एक-एक हजार रुपये का नोट बांटकर खुश होता था। पहली बार पुलिस के हत्थे चढ़े आरोपी ने दर्जनभर से अधिक दुकानों में चोरी की वारदात कुबूलीं हैं।
इंस्पेक्टर वजीरगंज महंथ यादव के मुताबिक, सीएमओ चौराहे के पास से दबोचे गए करोड़पति चोर की पहचान बीकेटी के गांव अस्ती निवासी विपिन सिंह के रूप में हुई। साथ में उसके साथी राजेंद्र कुमार उर्फ चमकीली और रवि वर्मा भी गिरफ्त में आए हैं। आरोपियों के कब्जे से ढाई किलो रेजगारी, साढ़े पांच हजार नगद व कैश बॉक्स, आरी ब्लेड बरामद हुई है।
इस तरह पकड़ा गया चोर
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बताया कि 21 जून की रात वजीरगंज स्थित गुइन रोड पर आशीष मार्केट में विशाल स्टेशनरी शॉप की दुकान विपिन ने ही खंगाली थी।
यही नहीं, पड़ोस की दुकान में लगा सीसीटीवी कैमरा भी तोड़ दिया था। हालांकि सीसीटीवी कैमरों के डीवीआर में उसकी करतूत कैद हो गई थी। इसके जरिये उसे पकड़ा गया।
विपिन ने कुबूला कि उसे चोरी करने का शौक है। वह अब तक दर्जन भर से अधिक दुकानें खंगाल चुका है। इसमें से तीन तो वजीरगंज और अमीनाबाद क्षेत्र की ही हैं।
चोरी करने के बाद वह टैंपो बुक कराकर पुराने शहर के चक्कर लगाता था और फिर चालक को एक हजार रुपये टिप देता था। इसी तरह होटल व रेस्टोरेंट में वेटरों को वह एक-एक हजार रुपये बांटता था।
होटलों में काम कर करता था रेकी
विपिन दुकानों में छोटी-मोटी नौकरी करके रेकी करता था। उसने लल्लन सिंह के होटल में डेढ़ साल तक नौकरी की। इसी तरह उसने विनय भार्गव की स्टेशनरी शॉप में भी नौकरी की।
दुकानों में काम करते हुए वह साजिश रच लेता था और साथियों संग वारदात अंजाम देता था।
इकलौता बेटा, करोड़ों की जमीन
विपिन के पास बीकेटी के अस्ती गांव में मेन रोड के किनारे चार बीघा जमीन है। इसकी कीमत लगभग छह से दस करोड़ रुपये है।
विपिन के पिता लल्लू सिंह की मौत हो चुकी है। वह अपनी मां निर्मला देवी के साथ रहता है। आठवीं के बाद उसने पढ़ाई छोड़ दी और चोरी करने लगा।