विस्फोट की तीव्रता का अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि धमाके के बाद धुएं और धूल का गुबार आसपास में कई मीटर तक फैल गया।
मौके पर मौजूद ग्रामीण जान बचाकर यहां-वहां भागने लगे। सीसीटीवी कैमरा घटनास्थल से लगभग सौ मीटर दूर सैंथा चौराहे पर दुकान के ऊपर लगा हुआ था।
धमाका इतना जोरदार था कि पटाखों का गोदाम उड़ गया जबकि पास का मकान भी ढह गया। मांस के लोथड़े दो सौ मीटर दूर तक बिखर गए। हादसे में आतिशबाज की बेटी समेत तीन की मौत हो गई।
मांस के जिस तरह से लोथड़े बिखरे मिले उसे माना जा रहा है कि मरने वालों में अवैध पटाखा गोदाम संचालक भी शामिल है। पास ही काम करने तीन मजदूर गंभीर रूप से घायल हुए हैं।