राजधानी में लगातार बिगड़ती कानून व्यवस्था के बीच शुक्रवार को बेखौफ बदमाशों ने गाजीपुर थाने के सामने एचएएल कर्मी जगदीश प्रसाद (42) को तमंचा दिखाकर दो लाख रुपये लूट लिए।
वारदात के बाद लुटेरे निशातगंज की ओर फरार हो गए। जिस वक्त घटना हुई जगदीश प्रसाद एचएएल की पीएनबी शाखा से रुपये निकाल कर लौट रहे थे।
आनन-फानन सीओ व एसओ गाजीपुर मौके पर पहुंचकर घटना स्थल का मौका मुआयना किया। पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है।
एसओ नोवेंद्र सिंह सिरोही तो एचएएल में पेंट शॉप के चीफ सुपरवाइजर के बैंक रुपए निकाले जाने की बात कुछ चुनिंदा लोगों को मालूम थी। इनमें बैंक छोड़ने गया एक साथी भी शामिल है। उससे पूछताछ की जा रही है।
पुलिस ने बताया कि तेलीबाग अंबेडकरनगर निवासी जगदीश प्रसाद (42) के मझले बेटे सुशील की 26 अप्रैल को शादी है। शादी की खरीददारी के लिए वे बैंक से रुपये निकालने थे।
दोपहर साढ़े बजे वे अपने दफ्तर के दोस्त सलीम के साथ उनकी बाइक से बैंक के लिए निकले थे। बैग में रुपये रख जगदीश बैंक से दो बजे फैजाबाद रोड से रांग साइड से अपने दफ्तर जा रहे थे।
तभी पीछे से आए बाइक सवार दो लुटेरे आए और गाजीपुर थाने के ठीक सामने जगदीश के सीने पर तमंचा सटाकर रुपये से भरा बैग छीन लिया।
वारदात के बाद लूटेरे निशातगंज की ओर फरार हो गए और पुलिस इसकी भनक तक नहीं लगी। जगदीश ने लूट की सूचना कंट्रोल रूम को दी।
मौके पर पहुंचे सीओ गाजीपुर विशाल पांडेय, एसओ नोवेंद्र सिंह सिरोही और तमाम पुलिस अफसर ने मौका मुआयना किया। जगदीश से बताया कि रुपये निकालने के बारे में उन्होंने पत्नी, दफ्तर के कुछ कर्मचारी समेत बैंक छोड़ने आए सलीम को बताया था।
पुलिस की मानें तो लूट में बदमाशों ने बैंक से रेकी की या फिर किसी अपने के सटीक मुखबिरी पर वारदात को अंजाम दिया गया। छानबीन के लिए पुलिस बैंक के सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही है।
पुलिस ने जगदीश, सलीम व दफ्तर में काम करने वालों समेत करीब 30 लोगों के मोबाइल फोन की कॉल डिटेल निकलवाई है।
पुलिस इस बात की पड़ताल कर रही है कि वारदात से पूर्व या फिर बाद में किसकी घटना स्थल पर मिले लोकेशन के सेलफोन पर बात हुई है।