सचिवालय एनेक्सी के एक मुख्य रक्षक ने महिला होमगार्ड को अपने ड्यूटी रूम में बुलाकर छेड़छाड़ की कोशिश की। पति के समझाने पर डरी-सहमी महिला ने घटना के पांचवें दिन सोमवार को सचिव सचिवालय प्रशासन को लिखित शिकायत की।
सचिव ने इस मामले में जांच के लिए तीन सदस्यीय कमेठी गठित कर दी है। कमेटी से 24 घंटे में रिपोर्ट देने को कहा गया है। सचिव ने कहा कि रिपोर्ट के अनुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी। उधर, मुख्य रक्षक ने आरोपों को झूठा बताते हुए कहा है कि ड्यूटी पूरी होने से पहले छुट्टी न देने की वजह से शिकायत की गई है।
घटना 29 जनवरी की सचिवालय एनेक्सी स्थित सुरक्षा दल कार्यालय की है। शिकायत के अनुसार एनेक्सी गेट पर तैनात एक महिला होमगार्ड को, वहीं पर तैनात एक मुख्य रक्षक कई बार अश्लील इशारे कर चुका था।
अश्लीलता के बाद महिला का किया ट्रांसफर
महिला ने नजरंदाज किया तो उसने 29 जनवरी को महिला को सुरक्षा दल कार्यालय में बुलाया और छेड़छाड़ की कोशिश की। लेकिन महिला गार्ड किसी तरह भाग निकली। पर, बदनामी की डर से वह शिकायत करने के लिए आगे नहीं आई। हालांकि पति के समझाने पर उसने शिकायत का करने का साहस जुटाया।
घटना के दो दिन बाद एक फरवरी को महिला गार्ड को एनेक्सी से हटाकर योजना भवन में तैनाती दे दी गई। माना जा रहा है कि मामले को दबाने के लिए यह कदम उठाया गया। हालांकि आरआई रवींद्र प्रकाश का कहना है कि उन्हें इस तरह की किसी घटना की जानकारी नहीं है। न तो महिला होमगार्ड ने उनसे कोई शिकायत की और न ही मुख्य रक्षक ने कोई बात बताई।
योजना भवन में तैनात एक महिला होमगार्ड के ठीक से काम न करने की वजह से उसे वहां से हटाया गया और एनेक्सी से एक महिला को उसके स्थान पर भेजा गया। मगर, महीनों से तैनात महिला को इस घटना के बाद हटाए जाने से सवाल भी उठाए जा रहे हैं।