भांजे की शादी में शरीक होने के बाद लौट रहा सीतापुर का व्यापारी मड़ियांव के पास झपकी आने से वैन पर नियंत्रण खो बैठा।
अनियंत्रित वैन दो युवकों को रौंदते हुए सड़क किराने खड़े डंपर में जा घुसी।
तेज रफ्तार के चलते वैन के परखच्चे उड़ गए। अगला हिस्सा अंदर घुसने के चलते उसमें फंसकर व्यापारी ने मौके पर ही दम तोड़ दिया।
जबकि, चपेट में आए एक अन्य युवक ने भी दम तोड़ दिया। हादसे में तीन महिलाओं समेत चार अन्य लोग भी गंभीर रूप से जख्मी हुए हैं।
सीतापुर के तानसेनगंज निवासी संजय सक्सेना (41) पेशे से व्यापारी थे। बुधवार को छांछीकुआं निवासी उनके भांजे की शादी थी। भांजा शाश्वत केजीएमसी में डॉक्टर है।
संजय के साथ पत्नी मनीषा और दोनों बच्चे भी आए थे। बृहस्पतिवार सुबह करीब 11 बजे विदाई के बाद संजय वैन से सीतापुर के लिए निकला। पत्नी और बच्चे वहीं रुक गए।
जबकि सीतापुर में ही रहने वाली उसकी मामी संतोष (45) व अनीता (42) और उनकी बेटी प्राची (18) साथ में थीं। रात भर जगने के चलते संजय की आंखों में नींद भरी हुई थी।
मड़ियांव के भिठौली तिराहे के पास झपकी आने से तेज रफ्तार वैन अनियंत्रित होकर लहराने लगी। संजय के संभालने से पहले बेकाबू वैन सड़क किनारे खड़े बदीपक (22) और हेल्पर मोहित (19) को रौंदते हुए आगे खड़े डंपर में जा घुसी।
वैन का अगला हिस्सा अंदर घुसने से संजय उसी में फंस गया। हादसे में पीछे बैठी महिलाएं भी जख्मी हो गईं। हादसा देख आसपास मौजूद लोग दौड़े और महिलाओं को बाहर निकाला।
काफी कोशिश के बावजूद संजय को नहीं निकाला जा सका। इस बीच सूचना पर पहुंची पुलिस ने वैन कटवा कर उसे निकाला और बाकी घायलों के साथ ट्रॉमा सेंटर भेजा। लेकिन तक संजय और मोहित की मौत हो चुकी थी।