बहराइच। पुलिस ने शुक्रवार को मानव तस्करी करने वाले गैंग का भंडाफोड़ कर मास्टर माइंड समेत चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपी एक रिसॉर्ट के पास बिहार से तस्करी कर लाई गई दो किशोरियों का सौदा कर रहे थे। आरोपियों के पास से 38 हजार रुपये व चार मोबाइल सेट बरामद हुए हैं। आरोपियों ने कुबूला कि वे पिछले पांच साल में अलग-अलग स्थानों से आठ महिलाओं को बेच चुके हैं।
पुलिस अधीक्षक नगर कमलेश दीक्षित ने बताया टिकोरामोड़ के उपनिरीक्षक ब्रह्मानंद सिंह को सुबह चेकिंग के दौरान सूचना मिली कि कुछ महिलाओं को महसी मार्ग पर स्थित लेजर रिसॉर्ट के निकट बेचने खरीदने का सौदा हो रहा है। इस पर उन्होंने महिला थाना प्रभारी मंजू पांडेय के साथ घेराबंदी की। मौके पर बिहार प्रांत की दो किशेरियां मिलीं। वहां मौजूद लोग किशोरियों पर देह व्यापार का दबाव बना रहे थे। किशोरियों को बेचने के लिए ग्राहकों को भी बुलाया गया था। रिसॉर्ट के निकट स्थित मकान के बरामदे में बैठे व्यक्तियों को पुलिस ने पकड़ कर पूछतांछ शुरू की। तब मामला खुला। कमरे से बिहार प्रांत के जिला गोपालगंज निवासी दो 15 वर्षीय किशोरियों को भी पुलिस टीम ने पकड़ा। किशोरियों ने बताया कि उन्हें बिहार से निशा, शिवकुमारी व अशोक बहला फुसलाकर भगा लाए हैं। एक किशोरी को 22 हजार और दूसरी को 25 हजार में बेचा गया है। किशोरियों की खरीदारी करने के मामले में रेहुआ मंसूर निवासी भंसाली का नाम सामने आया। दूसरे का नाम युवतियां नहीं बता सकीं। पकड़ी गई किशोरियों को चिकित्सीय परीक्षण के लिए महिला चिकित्सालय भेजा गया है। जबकि मौके पर खरीद-फरोख्त में शामिल निशा पत्नी सोनू सिंह निवासी प्रभुनाथ नगर थाना गुदडी टाउन जिला छपरा राज्य बिहार, शिव कुमारी पत्नी लक्ष्मन निवासी नई बस्ती गजपतिपुर कोतवाली देहात, बबिता पत्नी विश्राम निवासी गुलहरिया थाना पयागपुर व अशोक कुमार पुत्र रामखेलावन निवासी नई बस्ती गजपतिपुर को गिरफ्तार कर जेल भेजा गया है। इन सभी के पास से 38 हजार रुपये नगदी व चार मोबाइल सेट भी पुलिस के हाथ लगे हैं।
गिरोह की मास्टर माइंड थी निशा
बिहार की रहने वाले निशा का पति सोनू सिंह लगभग छह माह सो जमीनी विवाद के मामले में जेल में बंद था। पति के जेल जाने के बाद ससुराल के लोगों ने उसे घर से भगा दिया। जिसके बाद उसे आर्थिक तंगी से जूझना पड़ रहा था। इसी के चलते उसने अशोक के माध्यम से महिलाओं व किशोरियों को बेचने का कारोबार शुरू कर दिया था।
देवर के लिए किशोरी को खरीदने आई थी बबिता
थाना क्षेत्र पयागपुर के ग्राम गुलहरिया निवासी बबिता देवी अपने देवर के लिए महिला को खरीदने आई थी। खरीद फरोख्त के दौरान ही पुलिस ने छापा मार दिया। जिसमें उसे भी गिरफ्तार कर लिया गया। पुलिस ने उसे भी जेल भेज दिया है।
बिहार में परिवार को झांसा देकर लाई जाती किशोरियां
जिले में किशोरियों को बहला फुसलाकर गैर प्रांतों से लाने का धंधा काफी पुराना है। पकड़ी गई दोनों किशोरियों ने बताया कि परिवार काफी गरीब है। गैंग के लोगों ने परिवार की दोनों किशोरियों की बेहतर नौकरी का झांसा दिया था। नौकरी के बहाने उन्हें बहराइच लाया गया। इसके बाद बेचने की कवायद शुरू की गई।