मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने दूसरे राज्यों में रह रहे श्रमिकों से आग्रह किया कि वे पैदल न आएं, उन्हें वापस लाने की व्यवस्था की जा रही है। सभी राज्यों से प्रदेश के श्रमिकों की पूरी सूची मांगी गई है।
श्रमिकों का मौजूदा राज्यों में ही स्वास्थ्य परीक्षण कराया जाएगा। यह अनिवार्य होगा। मुख्य सचिव और अपर मुख्य सचिव गृह सभी राज्यों के अधिकारियों से बात कर कामगारों को लाने का फूलप्रूफ प्लान बनाएंगे।
पहले चरण में मध्य प्रदेश से 100 बसों से 3000 कामगार लाए जा रहे हैं, जबकि राज्य से 40 बसों से श्रमिकों को वहां भेजा जा रहा है। इसके लिए झांसी और प्रयागराज से बसें चलाई जा रही हैं। गुजरात सरकार से भी कामगारों को लाने पर बातचीत की जा रही है।