प्रदेश के सभी 75 जिलों में मंगलवार को कोरोना वैक्सीनेशन की तैयारियां परखी गई। इस दौरान प्रत्येक जिले के तीन शहरी व तीन ग्रामीण इलाकों में वैक्सीनेशन का पूर्वाभ्यास किया गया। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने खुद लखनऊ स्थित डॉ. राम मनोहर लोहिया इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज में टीकाकरण के पूर्वाभ्यास का निरीक्षण किया और तैयारियों पर संतोष जताया।
मुख्यमंत्री योगी ने लोहिया इंस्टीट्यूट में पूर्वाभ्यास के निरीक्षण के बाद यहां लोक भवन में आयोजित उच्चस्तरीय बैठक में अनलॉक व्यवस्था की समीक्षा की। उन्होंने कहा कि पूरे प्रदेश में कोरोना वैक्सीनेशन का पूर्वाभ्यास किया गया। यह कार्य टीकाकरण को सुचारु तरीके से चलाने में अत्यंत उपयोगी सिद्ध होगा। उन्होंने कोरोना वायरस के नए स्ट्रेन के मामले में अतिरिक्त सतर्कता बरतने के निर्देश दिए। कहा, कोविड-19 के संक्रमण की चेन को तोड़ने के लिए हर स्तर पर सावधानी बरती जाए और कॉन्टैक्ट ट्रेसिंग का कार्य प्रभावी ढंग से किया जाए। इसके लिए सर्विलांस सिस्टम को सक्रिय व सुदृढ़ बनाए रखा जाए। उन्होंने प्रदेश में अब तक 3.50 लाख से अधिक लोगों के ई-संजीवनी एप का इस्तेमाल किए जाने पर संतोष व्यक्त किया।
उधर, अपर मुख्य सचिव चिकित्सा स्वास्थ्य अमित मोहन प्रसाद ने बताया कि कोरोना वैक्सीनेशन के पूर्वाभ्यास की समीक्षा की जा रही है। कहां क्या चुनौती आई, इसका आंकलन किया जा रहा है। जिससे वास्तविक टीकाकरण के दौरान किसी तरह की कोई गलती की संभावना न रहे।
वाराणसी में साइकिल से पहुंचाया वैक्सीन, फोटो वायरल
वाराणसी में पूर्वाभ्यास के दौरान स्वास्थ्य विभाग की बड़ी लापरवाही सामने आई है। वहां महिला अस्पताल में टीकाकरण केंद्र पर साइकिल से वैक्सीन का बॉक्स लाया गया। वैक्सीन लाने वाले कर्मचारी का फोटो जब सोशल मीडिया पर वायरल हुई तो जिले से लेकर प्रदेश स्तर के अधिकारियों में हड़कंप मच गया। इसके बावजूद मामले में देर शाम तक कोई अधिकारी स्पष्टीकरण देने के लिए सामने नहीं आया।