डॉ. एपीजे अब्दुल कलाम प्राविधिक विश्वविद्यालय के 16वें दीक्षांत समारोह में प्रख्यात वैज्ञानिक, ग्लोबल रिसर्च एलायंस के अध्यक्ष व पद्मविभूषण डॉ. रघुवर अनंत माशेलकर ने युवाओं से ‘कलाम स्पिरिट’ के साथ सफलता के रास्ते पर आगे बढ़ने का आह्वान किया।
शुक्रवार को आयोजित समारोह में उन्होंने व राज्यपाल राम नाईक ने अजय कुमार गर्ग इंजीनियरिंग कॉलेज, गाजियाबाद की बीटेक की छात्रा प्रीति गुप्ता को चांसलर मेडल समेत 67 मेधावियों को मेडल प्रदान किए।
डॉ. माशेलकर ने उपाधि धारकों को शुभकामनाएं देते हुए कहा, यह आपके लिए गर्व का क्षण है। साथ ही उन अभिभावकों के लिए भी जिन्होंने अपने बच्चों को यह जीवन भर का तोहफा दिया है। आज से 50 साल पहले जब मैं स्नातक हुआ था तो भारत विश्व की तीसरी अर्थव्यवस्था बनने के लिए संघर्ष कर रहा था। आज जब आप स्नातक हो रहे हैं तब भारत विश्व का तीसरा सबसे शक्तिशाली देश है। आप एक और बेहतर भविष्य का निर्माण करें।
उन्होंने पूर्व राष्ट्रपति डॉ. एपीजे अब्दुल कलाम के साथ बिताए समय और संस्मरणों का उल्लेख करते हुए कहा, वे एक महान गुरु, मार्गदर्शक, दोस्त और दार्शनिक थे। मैं उनके द्वारा दिए पांच ऐसे मंत्र बताऊंगा जिन्होंने मेरे जीवन को सरल बनाया, ये आपके जीवन में भी काम आएंगे। हमें डॉ. कलाम के मंत्र आई कैन, वी कैन, इंडिया कैन व इंडिया विल के विजन पर काम करने के लिए प्रेरित होना चाहिए। हमेशा ऊंचा सोचो और ऊंचा करो।
डॉ. माशेलकर ने पिछले दिनों एशियन गेम्स में मेडल जीतने वाली स्वप्ना बर्मन और पर्वतारोही अरुणिमा सिन्हा का जिक्र करते हुए कहा कि मनुष्य की उपलब्धियों की कोई सीमा नहीं होती। बस खुद पर भरोसा होना चाहिए। इस अवसर पर प्राविधिक व चिकित्सा शिक्षा मंत्री आशुतोष टंडन, कुलपति प्रो. विनय कुमार पाठक, प्रति कुलपति प्रो. कैलाश नारायण, सचिव प्राविधिक शिक्षा भुवनेश कुमार उपस्थित थे।