लखनऊ। मड़ियांव के हरिओम नगर में शुक्रवार देर रात एक कलेक्शन एजेंट ने गोली मारकर खुदकुशी कर ली। डिप्रेशन व नशे की लत को खुदकुशी की वजह बताया जा रहा है। शनिवार को पुलिस ने पोस्टमार्टम कराकर शव परिजनों के सुपुर्द कर दिया।
हरिओम नगर निवासी प्रशांत रस्तोगी (34) निजी कंपनी में कलेक्शन एजेंट थे। वह पत्नी पूजा, बेटे वंश व बेटी पलक के साथ रहते थे। परिजनों के मुताबिक शुक्रवार देर रात प्रशांत नशे में धुत होकर घर आए थे। उनके कपड़े गंदे थे और मामूली चोट भी लगी थी। पूछने पर पत्नी को बताया कि वह आते समय गिर गए थे। घर पहुंचते ही वह सीधे अपने कमरे में चले गए। पूजा किचन में चली गईं। इसी दौरान कमरे में रखी पिता की लाइसेंसी सिंगल बैरल बंदूक से प्रशांत ने खुद को गोली मार ली। मौके पर ही उनकी मौत हो गई।
परिजनों के मुताबिक प्रशांत डिप्रेशन में थे। शराब के लती होने की वजह से उन्हें नशा मुक्ति केंद्र में दो बार इलाज के लिए भेजा गया। मगर शराब की लत नहीं छूटी।
प्रशांत के पिता दधीचि व मां मंजू का दो साल पहले कोरोना से निधन हो गया था। दधीचि यूपी पुलिस में दरोगा के पद से सेवानिवृत्त हुए थे। दधीचि की मौत के बाद उनकी लाइसेंसी बंदूक घर में ही रखी थी। प्रशांत माता-पिता के इकलौते बेटे थे। पुलिस की जांच में सामने आया कि प्रशांत ने बंदूक की नाल गर्दन से सटाकर पैर के अंगूठे से ट्रिगर दबाया था। फायर होते ही उनकी गर्दन के चीथड़े उड़ गए।