अयोध्या में श्रीराम मंदिर के लिए भूमिपूजन के बाद मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और उनकी टीम फील्ड में कोविड-19 महामारी से बचाव व रोकथाम की व्यवस्था के प्रबंधन में नए सिरे से जुट गई है। मुख्यमंत्री दो दिन में तीन मंडलों की समीक्षा करेंगे।
मुख्यमंत्री योगी कोविड-19 महामारी से बचाव व रोकथाम के मद्देनजर दिए गए निर्देशों पर अमल की समीक्षा के क्रम में गत महीने तक देवीपाटन, वाराणसी, गोरखपुर, बस्ती व आजमगढ़ मंडल का भ्रमण कर चुके हैं। मुख्यमंत्री शुक्रवार को दो दिवसीय समीक्षा अभियान के लिए फिर रवाना हो गए। शुक्रवार को उन्होंने बरेली व मेरठ मंडल की व्यवस्था का जायजा लिया। पहले वह बरेली गए। इसके बाद नोएडा पहुंचे।
शनिवार सुबह वे नोएडा में अत्याधुनिक कोविड अस्पताल का लोकार्पण करने के बाद एचसीएल कंपनी की ओर से स्थापित अत्याधुनिक इंटीग्रेटेड कोविड कंट्रोल रूम का निरीक्षण भी कर सकते हैं। यह कंट्रोल रूम वहां कोविड नियंत्रण वार रूम के तौर पर काम कर रहा है। इस कंट्रोल रूम के लिए परिसर, कॉल सेंटर भवन, कंप्यूटर सिस्टम, लैंडलाइन नंबर व मैनपावर के साथ सभी आवश्यक सुविधाएं एचसीएल कंपनी उपलब्ध करा रही है। निजी सेक्टर के सहयोग से इसी तरह के कंट्रोल रूम दूसरे शहरों में भी स्थापित करने की पहल हो सकती है।
मुख्यमंत्री के निर्देश पर मुख्य सचिव आरके तिवारी व आईआईडीसी आलोक टंडन आदि छह अन्य मंडलों की समीक्षा कर चुके हैं। शासन के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि मुख्यमंत्री भ्रमण के दौरान कोविड नियंत्रण की स्थिति की विस्तृत समीक्षा करेंगे। इसके अलावा महामारी से प्रभावित लोगों, गरीबों व श्रमिकों की मदद के लिए शुरू की गई योजनाओं के बारे में प्रगति की जानकारी लेंगे।
नोडल अफसरों से राजधानी सहित 12 जिलों की कोविड नियंत्रण की कार्रवाई रिपोर्ट तलब
मुख्यमंत्री के निर्देश पर लखनऊ, आजमगढ़, मुरादाबाद, वाराणसी, मेरठ, झांसी, बलिया, कानपुर नगर, प्रयागराज, बरेली, गोरखपुर व सहारनपुर जिले में शासन की ओर से नामित नोडल अधिकारियों ने शुक्रवार को ही डेरा डाल दिया। ये अधिकारी नौ अगस्त तक इन जिलों में रुककर संचारी रोग नियंत्रण, स्वच्छता अभियान व पेयजल आदि की व्यवस्था का निरीक्षण कर मुख्यमंत्री को अपनी रिपोर्ट सौंपेंगे। इन 12 जिलों में कोविड-19 संक्रमण से ज्यादा मौतें हो रही हैं।