योगी आदित्यनाथ ने बताया कि प्रदेश में 9 लाख से अधिक सरकारी भर्ती हुईं। इसमें 1.75 लाख से अधिक बेटियों की भर्ती की गईं। स्वयंसेवी समूह की 1.10 करोड़ से अधिक महिलाएं प्रदेश में आजीविका दीदी के रूप में उद्यमी बनकर कार्य कर रहीं हैं। मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना के अंतर्गत अब तक पांच लाख बेटियों की शादी संपन्न कराई जा चुकी है।
जल्द ही पेंशन में वृद्धि करेगी कैबिनेट
सीएम ने कहा कि 1.06 करोड़ से अधिक परिवारों को प्रदेश सरकार 12 हजार रुपये वार्षिक पेंशन उपलब्ध करा रही है। इनके कल्याण के लिए कैबिनेट जल्द ही इसमें वृद्धि का भी निर्णय लेगा। एमएसएमई में तीन करोड़ से अधिक रोजगार, बड़े निवेश के माध्यम से 65 लाख से अधिक नौकरियां उपलब्ध कराईं। सीएम युवा उद्यमी विकास अभियान के अंतर्गत अब तक 1.30 लाख से अधिक नए उद्यमी उत्तर प्रदेश में बने हैं। सरकार दो करोड़ से अधिक नौजवानों को टैबलेट देगी, इसमें से 50 लाख युवाओं को टैबलेट दिया जा चुका है।
भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष पंकज चौधरी।
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भाजपा प्रदेश अध्यक्ष एवं केंद्रीय वित्त राज्य मंत्री पंकज चौधरी ने कहा कि नौ साल पहले प्रदेश की जनता ने ‘मेवा वालों को हटाकर सेवा वालों‘ को मौका दिया। ‘दंगा वालों को हटाकर गंगा वालों‘ को मौका दिया। जनता ने परिवारवाद, तुष्टिकरण और दंगाराज की राजनीति की जगह 'सबका साथ-सबका विकास' के संकल्प को स्वीकार किया। ‘वन डिस्ट्रिक्ट वन माफिया’ की संस्कृति को समाप्त कर ‘वन डिस्ट्रिक्ट वन प्रोडक्ट’ के मॉडल को अपनाया। कानून-व्यवस्था में सुधार और मजबूत इंफ्रास्ट्रक्चर से यूपी आज निवेश का प्रमुख केंद्र बन चुका है। पहले निवेशक भयभीत रहते थे। रक्षा उत्पादन के क्षेत्र में लखनऊ, कानपुर, झांसी, आगरा, चित्रकूट और अलीगढ़ प्रमुख केंद्र बनकर उभरे हैं, जहां ब्रह्मोस मिसाइल जैसे अत्याधुनिक उत्पादों का निर्माण हो रहा है। वर्ष 2027 में भाजपा तीसरी बार जीत की हैट्रिक लगाएगी।
डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक ने कहा कि नौ साल पहले जिस राज्य से यूपी की सीमा में प्रवेश करते थे, टूटी सड़कें देखकर यूपी आने का अहसास होता था। बिजली का हाल कुछ बुरा था। बिजली इटावा और सैफई जाती थी। बची हुई रामपुर चली जाती थी। रिश्तेदारों के आने पर जनरेटर और इनवर्टर खरीदना पड़ता था। बच्चे स्कूलों में पढ़ने नहीं जाते थे। सरकारी स्कूल में पढ़ने को तैयार नहीं थे। मध्यान्ह भोजन ठेके पर दे दिया गया था। हर जिले में राशन माफिया था। इटावा और मैनपुरी के कई स्कूल में भूसा भर दिया गया था। इंटर कॉलेजों में ठेके पर नकल होती थी। कुछ हजार रुपये देकर मनचाही मार्कशीट मिलती थी।
डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य
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डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य ने कहा कि प्रदेश की जनता अब भ्रम फैलाने वाली राजनीति को स्वीकार नहीं करेगी। वर्ष 2016-17 का दौर लोगों को आज भी याद है। तब कानून व्यवस्था की स्थिति खराब थी। प्रदेश की पहचान गुंडागर्दी और माफिया थी। निवेशक आने से कतराते थे। पिछली सरकारों में समाज के हर वर्ग के साथ अन्याय हुआ और विकास की रफ्तार थम गई थी। उन्होंने जनता से अपील की कि सपा के पीडीए की धज्जियां उड़ा दें। वर्ष 2047 तक भी सपा सरकार नहीं बनने वाली है। आज जो लोग दलितों और पिछड़ों की बात कर रहे हैं, वे समय के साथ अपना रुख बदलते रहे हैं। आज प्रदेश में भर्ती प्रक्रिया को पारदर्शी बनाकर भ्रष्टाचार और भाई-भतीजावाद पर रोक लगाई गई है।