कर्तव्य पालन के दौरान अपनी प्राणों की आहूति देने वाले बहादुर पुलिस कर्मियों की स्मृति में हर साल आयोजित होने वाले ‘स्मृति दिवस’ कार्यक्रम में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ शहीद पुलिसकर्मियों को श्रद्धांजलि देंगे। वह शहीदों के परिजनों को सम्मानित भी करेंगे। इस मौके पर मुख्यमंत्री रैतिक परेड का भी निरीक्षण करेंगे।
पुलिस विभाग की ओर से सोमवार को पुलिस लाइन में आयोजित स्मृति दिवस कार्यक्रम में पिछले एक साल के दौरान शहीद हुए वीर सपूतों को याद किया जाएगा। हालांकि प्रदेश में विधानसभा के उप चुनाव के मद्देनजर लागू आदर्श आचार संहिता की वजह से इस बार के कार्यक्रम में मुख्यमंत्री द्वारा पुलिस कर्मियों के कल्याण से संबंधित कोई घोषणा किए जाने की संभावना नहीं हैं।
हर वर्ष इस मौके पर मुख्यमंत्री पुलिसकर्मियों के लिए तमाम तरह की कल्याणकारी घोषणाएं करते रहे हैं। सिपाही से इंसपेक्टर तक को इस दिन का बड़ी बेसब्री से इंतजार रहता है। लेकिन इस साल विस उपचुनाव के मद्देनजर लागू आदर्श आचार संहिता की वजह से किसी तरह की घोषणा होने की उम्मीद नहीं के बराबर है।
21 अक्तूबर 1959 को लेह-लद्दाख में चीनी सैनिकों के छल में फंसकर शहीद होने वाले पुलिसकर्मियों की याद में मनाया जाने वाले स्मृति दिवस पर देशभर में वीरगति को प्राप्त करने वाले पुलिसकर्मियों को याद किया जाएगा। इस साल देश भर में कुल 292 पुलिसजन शहीद हुए हैं। इनमें उप्र के भी पांच पुलिसकर्मी शामिल हैं। इनमें निरीक्षक सुबोध कुमार सिंह (बुलंदशहर), मुख्य आरक्षी सुरेश प्रताप सिंह (गाजीपुर), आरक्षी हर्ष चौधरी (अमरोहा), आरक्षी हरेन्द्र सिंह व बृजपाल सिंह (संभल) शामिल हैं।