कम नींद से बढ़ रहा वजन
विभिन्न शोध में यह बात सामने आई है कि छह हफ्तों तक हर रात लगभग 80 मिनट कम नींद लेन वालों के वजन 450 ग्राम वजन बढ़ गया। उनकी शारीरिक गतिविधि भी कम हो गई। पर्याप्त नींद लेना केवल शरीर को आराम देने के लिए ही नहीं, बल्कि वजन को नियंत्रित रखने के लिए भी जरूरी है। नींद पर्याप्त नहीं होने से मानसिक ही नहीं हृदय, नर्व, उच्च रक्तचाप, मधुमेह, मोटापा, और स्ट्रोक जैसी गंभीर बीमारियों का जोखिम बढ़ाती है।
-डॉ. विपिन कुमार सिंह, क्रिटिकल केयर विशेषज्ञ केजीएमयू।
कम नींद से शरीर और मस्तिष्क की कार्यक्षमता प्रभावित
अच्छी नींद जीवन की बुनियादी आवश्यकता है। लगातार कम नींद लेने से शरीर और मस्तिष्क दोनों की कार्यक्षमता प्रभावित होती है। वयस्कों को सामान्यतः 7–9 घंटे की गुणवत्तापूर्ण नींद लेनी चाहिए। लगातार इससे कम नींद स्वास्थ्य के लिए हानिकारक है। नींद की कमी से एकाग्रता, याददाश्त, निर्णय लेने की क्षमता, कार्यक्षमता, रोग प्रतिरोधक प्रभावित होती है, जिससे दुर्घटनाओं का जोखिम बढ़ता है।
-डॉ. अजय कुमार वर्मा, विभागाध्यक्ष रेस्पिरेटरी मेडिसिन, लोहिया संस्थान
बचाव के उपाय:
- रोज एक ही समय पर सोएं और जागें।
- सोने से 1–2 घंटे पहले मोबाइल, लैपटॉप और टीवी का उपयोग कम करें।
- शाम के बाद चाय, कॉफी और निकोटीन का सेवन सीमित करें।
- नियमित व्यायाम करें, लेकिन सोने से ठीक पहले नहीं।
- यदि 2–3 सप्ताह से अधिक समय तक नींद की समस्या बनी रहे तो चिकित्सकीय सलाह अवश्य लें।