लखनऊ। डॉ. राम मनोहर लोहिया राष्ट्रीय विधि विश्वविद्यालय के बीए एलएलबी और एलएलएम कोर्स में दाखिले के लिए इन दिनों क्लैट की काउंसलिंग चल रही है। कोई छात्र अगर सीट लॉक करने के बाद दाखिला नहीं लेता है तो उसे 50 हजार रुपये काउंसलिंग शुल्क में से 40 हजार रुपये ही वापस किए जाएंगे। 10 हजार रुपये जमा कर लिए जाएंगे। साथ ही एक बार सीट छोड़ने के बाद छात्र दोबारा दाखिले के लिए आवेदन नहीं कर पाएगा।
क्लैट की काउंसलिंग के लिए छात्रों को 50 हजार रुपये बतौर काउंसलिंग शुल्क जमा कराकर अपनी सीट पक्की करनी है। उसके बाद आवंटित विवि में फीस जमाकर दाखिला लेना होगा। काउंसलिंग शुल्क को फीस में एडजस्ट कर दिया जाएगा। मगर यदि छात्र शुल्क जमा कर अपनी सीट पक्की कर लेता है, लेकिन विवि में दाखिला नहीं लेता तो सीट छोड़ने पर उसे 40 हजार रुपये ही रिफंड किए जाएंगे। एक बार सीट छोड़ने पर उसे अगले चरण की काउंसलिंग में शामिल नहीं किया जाएगा। वहीं यदि छात्र काउंसलिंग में नहीं आता है तब भी उसे मेरिट सूची से बाहर कर दिया जाएगा। जो छात्र यूनिवर्सिटी अपग्रेड करना चाहते हैं, उन्हें सीट रिक्त होने पर ही इसका लाभ मिलेगा। लेकिन एक बार अपग्रेडेशन के बाद उन्हें दोबारा विवि बदलने का अवसर किसी भी हाल में नहीं दिया जाएगा।
प्रथम चरण की काउंसलिंग का आज अंतिम दिन
क्लैट की प्रथम चरण की काउंसलिंग का बुधवार को अंतिम दिन है। गत 14 जून को क्लैट का परिणाम जारी हुआ था और उसी दिन से काउंसलिंग प्रक्रिया भी शुरू कर दी गई। प्रथम चरण की काउंसलिंग 19 जून को समाप्त हो जाएगी। दूसरे चरण की काउंसलिंग 23 से 25 जून तक होगी। इस दौरान छात्रों को काउंसलिंग शुल्क जमा कराकर सीट लॉक करनी होगी।