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90 हजार होमगार्डों को अब हर दिन ड्यूटी : मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ

Sun, 06 Dec 2020 04:46 PM IST
ishwar ashish न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
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होमगार्ड मुख्यालय में पहुंचे मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ। - फोटो : amar ujala
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मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने रविवार को कहा कि बीते तीन वर्षों में होमगार्ड विभाग में आमूलचूल बदलाव आया है।  विभाग में उपलब्ध लगभग 90 हजार होमगार्ड को हर दिन ड्यूटी दी जा रही है। जबकि पूर्व के वर्षाें में काफी कम होमगार्ड को ड्यूटी मिल पाती थी। होमगार्ड विभाग के 58वें स्थापना दिवस में शामिल मुख्यमंत्री ने परेड की सलामी ली और बीते तीन वर्षों में होमगार्ड के किए गए कार्यों को भी गिनाया। साथ ही मुख्यमंत्री ने मौके पर पिछले दिनों ड्यूटी पर अपनी जान गंवाने वाले होमगार्ड के परिजनों को आर्थिक सहायता दी। उन्होंने कहा कि कानपुर के बिकरू कांड में घायल होने वाले होमगार्ड जयराम कटियार को 6.75 लाख की सहायता दी गई।

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6 भवनों का भी मुख्यमंत्री ने किया उद्घाटन
मुख्यमंत्री ने इस मौके पर आगरा, फतेहपुर, फतेहगढ़, जौनपुर और हमीरपुर में बने होमगार्ड के जिला कार्यालय का उद्घाटन किया जबकि मुरादाबाद में बने प्रशिक्षण केंद्र का उद्घाटन किया। मुरादाबाद में बना प्रशिक्षण केंद्र हाल ही में दिवंगत हुए विभागीय मंत्री चेतन चौहान को समर्पित करते हुए उनके नाम पर रखने का फैसला किया गया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि हरदोई, प्रयागराज, झांसी, आगरा और कानपुर में बन रहा प्रशिक्षण केंद्र जल्द पूरा होगा।

होमगार्ड की असामयिक मौत पर अब सरकार पांच लाख रुपये अपने बजट से देगी। अभी तक बीमा योजना के तहत मृतक  के परिजनों को सहायता मिलती थी। इससे बड़ी संख्या में होमगार्ड तत्काल सहायता पाने से वंचित रह जाते थे। अब मृतक के परिजनों या अपंगता की स्थिति में संबंधित होमगार्ड के बैंक खाते में सीधे सरकार अपने बजट से रकम जमा कराएगी। यह घोषणा रविवार को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने की।
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होमगार्ड विभाग के 58वें स्थापना दिवस पर मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रति वर्ष जितने होमगार्ड अपनी जान गंवाते थे, उसमें से केवल 20 से 22 प्रतिशत को ही बीमा की राशि तत्काल मिल पाती थी। अधिकतर मामलों में बीमा कंपनियां आवेदन में कमियां बता कर निरस्त कर देती थीं। होमगार्ड की स्वाभाविक मौत पर कोई पैसा नहीं मिलता था। अब ऐसा नहीं होगा। एक आंकड़े के अनुसार हर दिन एक होमगार्ड की असामायिक मौत हो जाती है।

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