महिलाओं के खिलाफ अपराधों को रोकने के लिए सरकार ने महिला कॉलेजों में सीसीटीवी कैमरे लगाने के निर्देश दिए हैं।
ये कैमरे कॉलेजों के गेट और हॉस्टल परिसर में कैंटीन, लाइब्रेरी जैसी जगहों पर लगाए जाएंगे। सरकार का मानना है कि इससे शोहदों पर काफी हद तक अंकुश लग सकेगा।
मुख्य सचिव आलोक रंजन ने बुधवार को कानून व्यवस्था की समीक्षा बैठक में यह निर्देश दिए।
इस निर्देश के बाद प्रमुख सचिव उच्च शिक्षा नीरज कुमार गुप्ता ने सभी सरकारी, सहायता प्राप्त और सेल्फ फाइनेंस गर्ल्स डिग्री कॉलेजों को एक महीने के भीतर कैमरे लगाने का निर्देश दे दिया।
साथ ही सभी क्षेत्रीय उच्च शिक्षा अधिकारियों से कैमरों में 15 दिन का डाटा सुनिश्चित करने को कहा गया है।
कानून व्यवस्था पर हुई बैठक में आलोक रंजन ने कहा कि महिलाओं के साथ छेड़खानी आदि अपराधों को रोकने के लिए विशेष अभियान चलाया जाए ताकि भविष्य में कोई अप्रिय घटना घटित न होने पाए।
उन्होंने कहा कि आत्म सुरक्षा के लिए सभी जिलों में महिलाओं को मार्शल आर्ट कोर्स का प्रशिक्षण दिलाया जाए। जिन अपराधियों के विरुद्ध गुंडा एक्ट तथा जिला बदर की कार्यवाही की गई है, उसे सख्ती से लागू किया जाए।
सभी जिलों में वूमेन पॉवर लाइन 1090 तथा महिला सेल को सक्रिय कर महिलाओं की शिकायतों का निस्तारण कराया जाए।
उन्होंने कहा कि अपराध होने पर समय पर आवश्यक कार्यवाही सुनिश्चित नहीं हुई तो संबंधित अधिकारियों को बख्शा नहीं जाएगा।