पुलिस की यही कार्यप्रणाली संदेह पैदा कर रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट के मुताबिक अगर युवती की मौत 31 मार्च की रात या एक अप्रैल की सुबह हो चुकी थी तो उसका मोबाइल फोन, डायरी और कपड़े तीनों चीजें पुलिस को दो अप्रैल को एक साथ मिल जानी चाहिए थीं। जबकि तीनों चीजें दो बार में मिली।
इससे यह आशंका जताई जा रही है कि युवती से दरिंदगी और उसकी हत्या के बाद किसी ने मोबाइल फोन और डायरी मंदिर में फेंक दिया। हत्यारा युवती के कपड़े फेंकना भूल गया होगा, इसलिए उसने दूसरे दिन उसी जगह पर आकर कपड़े फेंके। यह भी हो सकता है कि शिव मंदिर से युवती का मोबाइल फोन और डायरी मिलने के बाद पुलिस ने इस मामले को गंभीरता से नहीं लिया और आसपास के इलाके की ठीक से छानबीन नहीं की। अगर ऐसा हुआ होता तो शायद युवती के कपड़े और शव दो अप्रैल को ही मिल जाते।
बड़ा सवाल : दरिंदगी की आशंका के चलते मामला दबाने की कोशिश तो नहीं
एक आशंका यह भी है कि पुलिस को युवती का शव नाले में दो अप्रैल को ही मिल गया होगा लेकिन दरिंदगी की आशंका के चलते पुलिस उसे दबाने की कोशिश में जुट गई। पुलिस जानती थी कि अगर शव दो-तीन दिन पानी में रहा तो दरिंदगी के साक्ष्य नष्ट हो जाएंगे। शायद इसी वजह से पुलिस ने शव को तीसरे दिन खुद बरामद न करके किसी राहगीर के जरिए बरामद कराया।
तीन बार पहले भी कर चुकी है खुदकुशी की कोशिश
क्षेत्राधिकारी हजरतगंज अभय कुमार मिश्रा ने बताया कि युवती अवसाद की शिकार थी और तीन बार पहले भी खुदकुशी का प्रयास कर चुकी थी। परिवारीजनों ने बताया कि शादी न होने से युवती अवसाद की बीमारी का शिकार हो गई थी। उसका उपचार महानगर के न्यूरोसाइकियाट्रिक डॉ. प्रशांत शुक्ला कर रहे थे।
क्षेत्राधिकारी ने बताया कि युवती की वॉट्सएप पर शुभम त्रिपाठी नाम के युवक से चैट होती थी। पुलिस ने उसकी वॉट्सएप चैट का रिकॉर्ड निकलवाया, तब इस बात का खुलासा हुआ। पुलिस की टीमें शुभम त्रिपाठी से पूछताछ कर रही हैं।
आरोपी की तलाश में गाजियाबाद जाएगी टीम
युवती के परिवारीजनों ने कुटील उदय राज चौधरी नाम के जिस युवक के खिलाफ खुदकुशी के लिए उकसाने का केस दर्ज कराया है, वह गाजियाबाद का रहने वाला है। कुटील उदय राज ने ही युवती से 31 मार्च की देर शाम चैट के दौरान न्यूड सेल्फी भेजने का दबाव बनाया था।
हालांकि, परिवारीजनों का कहना है कि कुटील उदय राज की इस बात से नाराज होकर युवती ने उससे बातचीत बंद कर दी थी। पुलिस ने कुटील उदय राज से संपर्क किया, लेकिन अब वह बातचीत नहीं कर रहा है। उसकी तलाश में पुलिस की एक टीम गाजियाबाद भेजने की तैयारी की जा रही है।