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अब समाजशास्त्र व राजनीतिशास्त्र भी पढ़ेंगे एलएलबी ऑनर्स के छात्र, पेपर में पूछे जाएंगे इतने सवाल

Tue, 13 Aug 2019 04:15 PM IST
Amulya Rastogi न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
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सांकेतिक तस्वीर
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लखनऊ विश्वविद्यालय (लविवि) से एलएलबी ऑनर्स कर रहे छात्र अब समाजशास्त्र भी पढ़ेंगे। लखनऊ विवि ने अपने एलएलबी ऑनर्स के पाठ्यक्रम में बदलाव कर दिया है। इसके तहत समाजशास्त्र को शामिल किया गया है। बार काउंसिल ऑफ इंडिया (बीसीआई) की आपत्ति के बाद यह बदलाव हुआ है। बीसीआई के नियमों के अनुसार एलएलबी ऑनर्स में 80 फीसदी प्रश्नपत्र ही कानून से संबंधित होने चाहिए।
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 20 फीसदी प्रश्नपत्र गैर विधि के क्षेत्र के होंगे। इसके साथ ही पाठ्यकम में कई पेपर के नाम बदले गए हैं और कुछ के सेमेस्टर में भी बदलाव किया गया है। बोर्ड ऑफ स्टडीज और फैकल्टी बोर्ड से मंजूरी के बाद 14 अगस्त को होने वाली एकेडमिक काउंसिल की बैठक में इस पर मुहर लगेगी।

विवि संकाय के डीन प्रो. सीपी सिंह ने बताया कि बोर्ड ऑफ स्टडीज और फैकल्टी बोर्ड से यह प्रस्ताव किया जा चुका है। एलएलबी ऑनर्स में हर सेमेस्टर में सात पेपर होते हैं। इस तरह से 10 सेमेस्टर में कुल प्रश्नपत्रों की संख्या 70 होती है। 
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बीसीआई के नियमों के अनुसार इसके 20 फीसदी यानी 14 पेपर गैर विधि क्षेत्र के होंगे। इसलिए अब एलएलबी ऑनर्स में समाजशास्त्र के तीन प्रश्नपत्र शामिल किए गए हैं। ये प्रश्नपत्र शुरुआती सेमेस्टर में पढ़ाए जाएंगे। इसके बाद प्रथम सेमेस्टर में लॉ ऑफ टॉर्ट के स्थान पर समाजशास्त्र, दूसरे सेमेस्टर में लॉ ऑफ क्राइम के स्थान पर लॉ ऑफ टॉर्ट, तीसरे सेमेस्टर में लॉ ऑफ क्राइम-2 के स्थान पर लॉ ऑफ क्राइम-1, चौथे सेमेस्टर में बैंकिंग लॉ को तीसरे पेपर तथा लॉ ऑफ क्राइम-2 को पेपर-5 के स्थान पर कर दिया गया है। चौथे सेमेस्टर के तीसरा पेपर इंश्योरेंस लॉ को नौवें सेमेस्टर के तीसरे पेपर के रूप में रखा गया है।

एलएलएम के ऑर्डिनेंस में भी बदलाव

विधि संकाय ने एलएलएम के ऑर्डिनेंस में भी बदलाव कर दिया है। एलएलएम में एक पेपर में पास होने के लिए न्यूनतम 24 नंबर पर पास होने को मंजूरी दे दी है। लविवि में अभी तक एलएलएम में पास होने के लिए पेपर में न्यूनतम 28 नंबर होने की अनिवार्यता थी। विवि ने वर्ष 2014-15 में पीजी ऑर्डिनेंस में बदलाव किया था। 

ऑर्डिनेंस में थ्योरी में पास होने के लिए न्यूनतम 24 नंबर पाने की अनिवार्यता रखी गई। इसके बावजूद एलएलएम में यह सीमा 28 नंबर की ही थी। इसके खिलाफ कुछ विद्यार्थियों ने हाईकोर्ट में याचिका दायर की थी। इसके बाद यह बदलाव किया गया है। 

लविवि में वर्ष 2010-11 के ऑर्डिनेंस में परास्नातक स्तर पर 100 नंबर के पेपर में 80 नंबर की थ्योरी और 20 नंबर सेशनल के होते थे। पुराने ऑर्डिनेंस में थ्योरी में पास होने के लिए विद्यार्थी को कम से कम 40 फीसदी नंबर लाने थे। वर्ष 2014-15 में ऑर्डिनेंस में बदलाव के बाद 100 नंबर के पेपर में 70 नंबर की थ्योरी और 30 नंबर सेशनल के कर दिए गए। 
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नए ऑर्डिनेंस में थ्योरी में पास होने के लिए न्यूनतम 24 नंबर पाने की अनिवार्यता रखी गई। इसके बावजूद लविवि ने एलएलएम में पुराने ऑर्डिनेंस का उपयोग करके विद्यार्थियों को 24 से ज्यादा नंबर लाने के बावजूद फेल किया गया। इसको लेकर फेल विद्यार्थियों ने कोर्ट में याचिका दायर की थी। विवि ने हाईकोर्ट में गलती स्वीकार करने के बाद एलएलएम के ऑर्डिनेंस में भी इसे शामिल कर लिया है। इसे भी एकेडमिक काउंसिल में रखा जाएगा।

19 को वित्त और 20 को प्रस्तावित है कार्य परिषद
लविवि में 19 अगस्त को वित्त समिति की बैठक प्रस्तावित है। इसके साथ ही 20 अगस्त को कार्य परिषद की बैठक भी होनी है। माना जा रहा है कि एकेडमिक काउंसिल में सिलेबस पास होने के बाद इन पर कार्य परिषद की मंजूरी ली जाएगी। इसी बीच वित्त समिति की बैठक होगी ताकि इसके प्रस्तावों पर भी कार्य परिषद की अनुमति ले ली जाए।
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