यूपी बोर्ड के कक्षा 9 और 10 के लाखों विद्यार्थियों के लिए राहत भरी खबर है। शासन ने छात्रवृत्ति के लिए ऑनलाइन आवेदन की अंतिम तिथि बढ़ाकर 30 सितंबर कर दी है।
विद्यार्थियों को आवेदन की खामियों को सुधारने का भी मौका दिया जाएगा। प्रमुख सचिव समाज कल्याण मनोज कुमार सिंह ने इस संबंध में विस्तृत दिशा-निर्देशों के साथ शासनादेश जारी कर दिया है।
प्रदेश सरकार कक्षा 9 व 10 के अनुसूचित जाति व जनजाति के छात्रों के लिए तीन हजार रुपये और अन्य वर्गों के विद्यार्थियों के लिए 2250 रुपये सालाना छात्रवृत्ति देती है।
एससी/एसटी वर्ग के ढाई लाख रुपये तक सालाना आमदनी और अन्य वर्गों के दो लाख रुपये तक सालाना आमदनी वाले परिवारों के विद्यार्थियों को इस योजना का लाभ दिया जाता है।
पहले आवेदन की अंतिम तिथि 31 अगस्त थी, लेकिन वेबसाइट की धीमी रफ्तार के कारण बड़ी संख्या में छात्र आवेदन ही नहीं कर पाए थे। इस समस्या को अमर उजाला ने प्रमुखता से उठाया। इस पर शासन-प्रशासन ने मामले का संज्ञान लेते हुए आवेदन की अंतिम तिथि बढ़ाने का निर्णय लिया है।
छात्रवृत्ति के संशोधित कार्यक्रम के अनुसार विद्यार्थी अब 30 सितंबर तक आवेदन कर सकेंगे। दस्तावेजों की हार्ड कॉपी उन्हें 6 अक्तूबर तक संबंधित शिक्षण संस्थानों में जमा करनी होगी। एनआईसी ऑनलाइन आवेदनों की जांच 13 अक्तूबर से 10 नवंबर के बीच करेगी।
इसके बाद जो भी डाटा संदेहास्पद पाया जाएगा, उसे सही करने का एक और मौका विद्यार्थियों को दिया जाएगा। वे 11 नवंबर से 20 नवंबर के बीच इन गलतियों को सुधार सकेंगे। गलतियों के सुधार संबंधी प्रमाणपत्र उन्हें 22 नवंबर तक अपने संस्थान में जमा करने होंगे। इसके बाद ही उनके आवेदन पर दोबारा विचार होगा।