फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Build 2026 Lucknow: मंत्री नंदी बोले-विकास का नया इतिहास लिख रहा यूपी, 2017 से पहले निवेश नाम की चीज नहीं थी

Fri, 09 Oct 2026 03:08 PM IST
Akash Dwivedi डिजिटल डेस्क, लखनऊ

सार

लखनऊ में बिल्ड इंफ्रास्ट्रक्चर कॉन्क्लेव में मंत्री नंद गोपाल गुप्ता नंदी ने कहा कि उत्तर प्रदेश में बुनियादी ढांचे, कनेक्टिविटी, औद्योगिक विस्तार और निवेश के क्षेत्र में काम हो रहा है। उन्होंने 2017 से पहले निवेश की कमी का उल्लेख करते हुए कहा कि सम्मेलन प्रदेश की आर्थिक संभावनाओं और रोजगार सृजन पर चर्चा का महत्वपूर्ण मंच है।

विज्ञापन
मंत्री नदी। - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

मंत्री नंद गोपाल गुप्ता नंदी ने कहा कि यह सम्मेलन केवल भवन निर्माण या रियल एस्टेट तक सीमित नहीं है, बल्कि उत्तर प्रदेश के भविष्य, उसकी आर्थिक संभावनाओं और विकसित भारत के निर्माण में प्रदेश की भूमिका पर विचार-विमर्श का महत्वपूर्ण मंच भी है।

विज्ञापन


उन्होंने कहा कि आज हम ऐसे दौर में खड़े हैं, जब नए भारत और नए उत्तर प्रदेश के विकास की कहानी नए आत्मविश्वास, नई आकांक्षाओं और नए अवसरों के साथ आगे बढ़ रही है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में बुनियादी ढांचे, कनेक्टिविटी, औद्योगिक विस्तार, निवेश और रोजगार सृजन उत्तर प्रदेश के विकास के प्रमुख केंद्र बिंदु बनकर उभरे हैं।

नंदी ने कहा कि आज उत्तर प्रदेश में सड़क और अन्य बुनियादी सुविधाओं के विकास के साथ आर्थिक प्रगति की नई संभावनाएं तैयार हो रही हैं। यह सम्मेलन प्रदेश के विकास की दिशा, आर्थिक क्षमता और भविष्य की जरूरतों पर चर्चा करने का महत्वपूर्ण अवसर है।

विज्ञापन
Trending Videos

एक्सप्रेसवे नेटवर्क का लगभग 65 प्रतिशत हिस्सा यूपी में है

मंत्री नंद गोपाल गुप्ता नंदी ने आगे कहा कि देश के कुल एक्सप्रेसवे नेटवर्क का लगभग 65 प्रतिशत हिस्सा उत्तर प्रदेश में है। यह प्रदेश के मजबूत होते बुनियादी ढांचे को दर्शाता है। उन्होंने कहा कि 17 घरेलू और पांच अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डों के साथ उत्तर प्रदेश हवाई कनेक्टिविटी के क्षेत्र में भी आगे बढ़ रहा है।

उन्होंने कहा कि प्रदेश में जलमार्गों के विकास की भी संभावनाएं हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में वाराणसी से प्रयागराज और अयोध्या तक संपर्क सुविधाओं को बेहतर बनाने के प्रयास किए जा रहे हैं। 

बेहतर कनेक्टिविटी से उत्तर प्रदेश को एक ट्रिलियन डॉलर की अर्थव्यवस्था बनाने के लक्ष्य को हासिल करने में मदद मिलेगी। इससे युवाओं के लिए रोजगार, उद्यमियों के लिए अवसर, किसानों के लिए बाजार और उद्योगों के लिए बेहतर सुविधाएं उपलब्ध होंगी। आम नागरिकों को भी सुरक्षित और सुविधाजनक जीवन का लाभ मिलेगा।

नंदी ने कहा कि कारोबार करने में आसानी यानी ईज ऑफ डूइंग बिजनेस के क्षेत्र में उत्तर प्रदेश ने उल्लेखनीय प्रगति की है। उन्होंने दावा किया कि प्रदेश पहले की तुलना में आगे बढ़कर दूसरे स्थान पर पहुंचा है। किसी भी राज्य की अर्थव्यवस्था की मजबूती उसके बुनियादी ढांचे, निवेश के अनुकूल माहौल और मानव संसाधन की गुणवत्ता पर निर्भर करती है।

बेहतर कनेक्टिविटी औद्योगिक विकास को गति देती है

उन्होंने कहा कि प्रदेश में औद्योगिक क्षेत्रों, लॉजिस्टिक्स सुविधाओं और अन्य आधारभूत ढांचे के विकास पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। परिवहन की लागत कम होने, समय की बचत होने और बाजारों तक आसानी से पहुंचने से निवेश की संभावनाएं बढ़ती हैं। बेहतर कनेक्टिविटी उद्योगों के संचालन को आसान बनाती है और प्रदेश में औद्योगिक विकास को गति देती है।

मंत्री ने अपने अनुभव साझा करते हुए कहा कि पहले उद्योगों को स्थापित करने और संचालित करने में कई तरह की चुनौतियां थीं। उन्होंने कहा कि जब उन्हें औद्योगिक विकास विभाग की जिम्मेदारी मिली, तब अधिकारियों के साथ मिलकर उद्योगों की समस्याओं को समझने और उनका समाधान करने पर जोर दिया गया।

उन्होंने कहा कि पहले गैस सिलेंडर बुक कराने से लेकर कई जरूरी सुविधाएं हासिल करने तक लोगों को इंतजार करना पड़ता था। अब परिस्थितियों में बदलाव आया है। उन्होंने कार शोरूम का उदाहरण देते हुए कहा कि आज ग्राहकों को वाहन के फीचर्स, सुविधाओं और कीमत की पूरी जानकारी दी जाती है। इसी तरह सरकार की भी जिम्मेदारी है कि उद्योग लगाने वाले निवेशकों को शुरुआत से लेकर उद्योग के संचालन तक सहयोग दिया जाए।


 
विज्ञापन

परियोजना शुरू होने तक हर जरूरी मदद दे रहे

नंदी ने कहा कि सरकार का प्रयास है कि निवेशकों को केवल उद्योग लगाने के लिए आमंत्रित न किया जाए, बल्कि उनकी परियोजना शुरू होने तक हर जरूरी स्तर पर मदद दी जाए। उद्योगों को स्थापित करने में सहयोग और उनकी समस्याओं का समाधान करने की नीति से ही निवेश को वास्तविक धरातल पर उतारा जा सकता है।

उन्होंने कहा कि प्रदेश में औद्योगिक विकास को बढ़ावा देने के लिए सरकार लगातार प्रयास कर रही है। बेहतर बुनियादी सुविधाओं, निवेशकों को सहयोग और रोजगार के अवसरों के विस्तार से उत्तर प्रदेश की अर्थव्यवस्था को नई गति देने का लक्ष्य है।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें