लखनऊ। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों पर गर्भवती महिलाओं के मुफ्त अल्ट्रासाउंड के लिए ई वाउचर बनाने का काम 11 महीने बाद शुरू हो सकेगा। इसके लिए एनएचएम से बजट मिल गया है। ई वाउचर न मिलने से गर्भवती महिलाओं को निजी केंद्रों पर जाना पड़ रहा था। अफसरों का कहना है कि इसी माह से ई वाउचर बनने लगेंगे।
सीएमओ के अधीन चल रही 20 सीएचसी में से नौ में अल्ट्रासाउंड की सुविधा है। प्रधानमंत्री सुरक्षित मातृत्व अभियान कार्यक्रम के तहत हर महीने की एक, नौ, 16 और 24 तारीख को गर्भवती महिलाओं का निशुल्क इलाज, अल्ट्रासाउंड होता है। जिन सीएचसी पर अल्ट्रासाउंड की सुविधा नहीं है, उनसे गर्भवतियों को ई वाउचर बनाकर दिया जाता है। इससे गर्भवती का स्वास्थ्य विभाग की ओर से चिह्नित निजी केंद्र पर निशुल्क अल्ट्रासाउंड होता था। हर सीएचसी से 25-30 ई वाउचर बनाए जाते हैं, जो 11 महीने से बजट के अभाव में नहीं बन रहे थे। गर्भवती महिलाओं को निजी केंद्र या दूसरे सरकारी केंद्र भेजा जा रहा था। वहां पहले से लोड ज्यादा होने से महिलाएं निजी केंद्रों से शुल्क देकर जांच करवा रही थीं। सीएमओ डॉ. एनबी सिंह के मुताबिक, ई वाउचर बनाने करने के लिए बजट मिल गया है।