बसपा से निलंबित विधायक असलम अली ने पार्टी को नीतियों से भटकने और भाजपा से नजदीक जाने का आरोप लगाया है। उन्होंने कहा है कि वे निलंबन के बावजूद बसपा में बने रहेंगे। चुनाव आएगा तो देखा जाएगा।
हापुड़ के धौलाना से विधायक असलम ने कहा है कि पार्टी के इर्द-गिर्द ऐसे लोग हैं जो नेतृत्व को नीतियों से भटका रहे हैं। हम लोग भाजपा के खिलाफ लड़कर आए हैं। लेकिन आज पार्टी को भाजपा के नजदीक ले जाया जा रहा है। संख्या बल न होने के बावजूद बिना विधायकों से पूछे राज्यसभा प्रत्याशी उतार दिया गया। उन्होंने कहा कि निलंबन अध्यक्ष का अधिकार है। लेकिन वह इसके बावजूद बसपा में बने रहेंगे।
राजनीति में किसी से मिलना-जुलना अनुचित नहीं : सुषमा
जौनपुर के मुंगरा बादशाहपुर से विधायक सुषमा पटेल ने स्वीकार किया कि वे सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव से मिली थीं। उन्होंने कहा कि राजनीति में मिलना-जुलना लगा रहता है। पहले भी कई बार मुलाकात हुई है। मैं बसपा प्रत्याशी की प्रस्तावक हूं और इससे इनकार नहीं किया है। न तो मैंने व्हिप का उल्लंघन किया और न ही पार्टी लाइन के खिलाफ वोट किया है। ऐसे में निलंबन समझ से परे है। अभी किसी भी दल में जाने का विचार नहीं है। क्षेत्र की जनता से राय मशविरा कर आगे का फैसला करूंगी।
हम किसी से मिलने नहीं गए : राइनी
श्रावस्ती के भिनगा से विधायक असलम राइनी ने कहा कि वे किसी से मिलने नहीं गए। उन्होंने सवाल किया कि किसी ने सपा नेता से मुलाकात करते देखा हो तो बताए। इसके बावजूद यदि निलंबित किया गया है तो स्वागत करते हैं।
मैं किसी से नहीं मिली, बसपा में ही : वंदना
आजमगढ़ के सगड़ी से विधायक वंदना सिंह ने कहा बुधवार से वे घर पर ही हैं। उन्हें नहीं पता कि पूरा मामला कहां से शुरू हुआ? कहा, उन्होंने सपा के किसी भी नेता से मुलाकात नहीं की। पूरी स्थिति से पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव सतीश चंद्र मिश्रा, विधानमंडल दल के नेता लालजी वर्मा व उपनेता उमा शंकर सिंह को अवगत करा दिया है। मैं बसपा में ही हूं। कहीं जाने का सवाल ही नहीं उठता।
बसपा टिकट नहीं देगी तो देखा जाएगा : बिंद
हंडिया प्रयागराज के विधायक हाकिम लाल बिंद ने कहा कि वे बसपा के झंडा बैनर तले चुनकर आए हैं और बसपा में ही हैं। किसी अन्य दल में जाने का कोई विचार नहीं है। चुनाव आएगा बसपा टिकट नहीं देगी तो देखा जाएगा। बहन जी नेता हैं, वे निलंबन कर सकती हैं।