बसपा का एक प्रतिनिधिमंडल आज पार्टी विधानमंडल के नेता लालजी वर्मा व प्रदेश अध्यक्ष आरएस कुशवाहा के नेतृत्व में सोनभद्र के उभ्भा सपही गांव का दौरा करेगा। प्रतिनिधिमंडल वहां पीड़ितों से मिलकर वास्तविक स्थिति की जानकारी लेगा और बसपा सुप्रीमो मायावती को पूरी स्थिति से अवगत कराएगा। पार्टी ने कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी का नाम लिए बिना घटना के बाद पुलिस व प्रशासन की कार्यवाही के बीच उनके दौरे पर निशाना साधा है और उसे दिखावे की कार्यवाही करार दिया है।
बताते चलें बसपा सुप्रीमो मायावती ने शनिवार को कहा था कि सोनभद्र में धारा-144 लगाई गई है, लिहाजा उचित समय पर बसपा का प्रतिनिधिमंडल पीड़ितों से मिलने जाएगा। रविवार को पार्टी ने एक बयान जारी कर कहा कि बसपा ऐसी घटनाओं पर सिर्फ दिखावे के लिए कार्यवाही नहीं करती है बल्कि पीड़ितों की वास्तविक मदद करने की नीयत से ही काम करती है।
पार्टी की हमेशा से यही सर्वविदित नीति रही है। इसीलिए घटना के तुरंत बाद जब पुलिस की कार्यवाही चल रही होती है और धारा-144 लगी होती है तब बसपा अपने शीर्ष नेताओं को वहां जाने से मना करती है। घटना के तुरंत बाद वहां जाने से पुलिस कार्यवाही में अड़चन पैदा हो सकती है और इसमें पीड़ितों को ही नुकसान की आशंका रहती है।
पार्टी ने कहा है कि अब चूंकि प्रदेश के मुख्यमंत्री ने स्वयं ही क्षेत्र का दौरा कर लिया है। इससे स्पष्ट है कि विशिष्ट जनों व राजनैतिक व्यक्तियों के सोनभद्र जाने पर लगा प्रतिबंध समाप्त हो गया है। ऐसे में अब बसपा के प्रतिनिधिमंडल को वहां जाकर पीड़ित लोगों से मिलने और उनको हर तरह की मदद पहुंचाने में किसी प्रशासनिक दिक्कत का सामना नहीं करना होगा।
मायावती का विधायक महेश को कुमारस्वामी के पक्ष में वोट का फरमान
बसपा सुप्रीमो मायावती ने कर्नाटक में अपने एक मात्र विधायक एन. महेश को मुख्यमंत्री एचडी कुमार स्वामी की सरकार के समर्थन में वोट देने के लिए निर्देशित किया है। बताते चलें सोमवार को कर्नाटक विधानसभा में कुमारस्वामी सरकार के विश्वास प्रस्ताव पर मतदान प्रस्तावित है।