लखनऊ में पुलिस से बेखौफ शोहदा पिछले चार साल से युवती को परेशान कर रहा है। युवती की आपत्तिजनक फोटो बनाकर लगातार सोशल मीडिया पर पोस्ट कर रहा। मानसिक व सामाजिक प्रताड़ना झेल रही युवती और उसका परिवार खुदकुशी की भी कोशिश कर चुका है।
हालांकि एक बार शोहदा जेल भेजा गया, लेकिन जमानत पर बाहर आते ही फिर वही हरकत शुरू कर दी। पीड़िता ने हजरतगंज थाने में फिर एफआईआर दर्ज कराई है। युवती का आरोप है कि शोहदे पर सख्त कार्रवाई नहीं हो रही। यदि उसके और परिवार के साथ कोई अनहोनी होती है तो इसकी जिम्मेदार पुलिस होगी।
प्रभारी निरीक्षक राधारमण सिंह ने बताया कि मध्य प्रदेश की मूल निवासी युवती वर्ष 2011 से 2014 तक लखनऊ में एमिटी यूनिवर्सिटी से पढ़ाई कर रही थी। वह पीजी हॉस्टल में रहती थी। हॉस्टल के पास मोबाइल फोन रीचार्ज की दुकान करने वाला आनंद श्रीवास्तव उसे परेशान कर रहा है।
...तो क्या खाकी से नहीं डरते शोहदे
यूपी पुलिस
जेल गया, छूट कर आया तो फिर परेशान करने लगा
युवती का कहना है कि वह अक्सर आनंद की दुकान से मोबाइल फोन रीचार्ज व रिजर्वेशन कराती थी। इसी दौरान वोटर आईडी की फोटो कॉपी दी थी। पढ़ाई खत्म होने के बाद वह दिल्ली चली गई, लेकिन आनंद परेशान करता रहा। धीरे-धीरे उसने ब्लैकमेल करना शुरू किया।
फेसबुक पर फर्जी प्रोफाइल बनाकर युवती के परिचितों और रिश्तेदारों को जोड़ा और उसकी अश्लील फोटो पोस्ट कर दीं। दो बार उसके खिलाफ शिकायत दर्ज कराई। वह जेल भेजा गया, लेकिन छूटकर फिर परेशान करने लगा। पीड़िता का कहना है कि उसकी व परिवार की मानसिक स्थिति ठीक नहीं।
बकौल युवती, उसने एसएसपी से मिलकर शिकायत की तो वहां से कार्रवाई का आश्वासन देकर टरका दिया गया। अगर उसके व परिवारीजनों के साथ किसी भी तरह की अनहोनी होती है तो उसकी पूरी जिम्मेदारी पुलिस और साइबर सेल की होगी। प्रभारी निरीक्षक का कहना है कि युवती की तरफ से केस दर्ज कर शोहदे की तलाश की जा रही है।