केंद्रीय चुनाव आयोग के एक अक्तूबर के निर्देश में अभियान के लिए कोई अलग से निश्चित प्रारंभ और अंतिम तारीख नहीं दी गई है। उत्तर प्रदेश के पांच अक्तूबर के पत्र में इस संबंध में कार्रवाई के निर्देश जारी किए गए हैं। बीएलओ को अपने क्षेत्र में यह प्रक्रिया लगभग एक महीने में पूरा करने का लक्ष्य दिया गया है।
अभियान की प्रगति की नियमित समीक्षा और निगरानी मुख्य निर्वाचन अधिकारी, जिला निर्वाचन अधिकारी और निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी स्तर पर की जाएगी, ताकि कोई भी पात्र नागरिक मतदाता सूची में नाम दर्ज कराने के अवसर से वंचित न रहे।