सीमा पर पकड़े गए श्रीलंकाई नागरिक।
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भारत-नेपाल सीमा पर बुधवार देर रात रज्जनवा चेकपोस्ट के पास नेपाल जाने की कोशिश कर रहे तीन श्रीलंकाई नागरिकों और तमिलनाडु की एक महिला को एसएसबी ने पकड़ लिया। चारों ऑटो से सीमा तक पहुंचे थे और नेपाल जाने का रास्ता पूछ रहे थे। उनकी भाषा स्थानीय लोग नहीं समझ सके तो एसएसबी को सूचना दी गई। जांच में तीनों श्रीलंकाई नागरिकों के पासपोर्ट तो मिले, लेकिन उनका वीजा करीब तीन माह पहले समाप्त हो चुका है। एसएसबी ने चारों को मुर्तिहा कोतवाली पुलिस के सुपुर्द कर दिया। पुलिस उनके सीमा क्षेत्र में पहुंचने और नेपाल जाने के उद्देश्य की जांच कर रही है।
मिहींपुरवा तहसील के जंगल से सटी भारत-नेपाल सीमा पर बुधवार रात रज्जनवा चेकपोस्ट के पास तीन श्रीलंकाई नागरिक और तमिलनाडु की एक महिला नेपाल जाने का रास्ता पूछ रहे थे। वे ऑटो से वहां पहुंचे थे। स्थानीय लोगों को उनकी तमिल भाषा समझने में परेशानी हुई तो उन्होंने एसएसबी को सूचना दी। मौके पर पहुंचे जवानों ने पूछताछ की तो उनकी पहचान तीन श्रीलंकाई नागरिकों और तमिलनाडु निवासी महिला के रूप में हुई।
पकड़े गए लोगों की पहचान श्रीलंका के जाफना निवासी अजीत कुमार (39), कौशल्या (38) और प्रभाप (38) तथा तमिलनाडु निवासी धर्म सुधाकर (35) पत्नी सुधाकर के रूप में हुई है। जांच के दौरान उनके पासपोर्ट और वीजा की स्थिति सामने आई। पुलिस के मुताबिक, वीजा की अवधि लगभग तीन माह पहले समाप्त हो चुकी थी। इसके बाद एसएसबी ने चारों को मुर्तिहा कोतवाली पहुंचाया, जहां उनसे पूछताछ की जा रही है।
पुलिस के सामने सबसे बड़ी परेशानी भाषा की है। चारों से बातचीत कर उनके नेपाल जाने का कारण और सीमा तक पहुंचने की परिस्थितियां जानने के लिए दुभाषियों की मदद ली जा रही है। क्षेत्राधिकारी अमित कुमार के अनुसार, प्रारंभिक जांच में पासपोर्ट मिले हैं, जबकि वीजा की अवधि समाप्त होने की जानकारी सामने आई है। अपर पुलिस अधीक्षक ग्रामीण दुर्गा प्रसाद तिवारी ने बताया कि तीन श्रीलंकाई नागरिकों और तमिलनाडु की एक महिला से पूछताछ की जा रही है। दुभाषिए की मदद से जानकारी जुटाने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।