लखनऊ में हनुमत भक्ति की बयार 16 मई मंगलवार से बहेगी। ज्येष्ठ मास का पहला बड़ा मंगल 16 मई को है। पहले बड़े मंगल को लेकर मंदिरों में तैयारियों ने जोर पकड़ा है। राजधानी के हनुमान मंदिरों में रंग रोगन, पुताई और साफ-सफाई का काम शुरू हो रहा है तो मंदिरों को सजाने से लेकर उनकी सुरक्षा-व्यवस्था, रखरखाव के लिए भक्त दिन रात जुटे हैं।
16 मई को पहले बड़े मंगल पर राजधानी के हर हनुमान मंदिरों में भक्तों की कतारें उमड़ेंगी। उसके बाद 23 मई, 30 मई और 6 जून को राजधानी में बड़े मंगल पर पवनतनय की आराधना को लोग संकटमोचक के दर्शनों को उमड़ेंगे। 11 मई से ज्येष्ठ माह की शुुरुआत होने के बाद 16 मई को पहला बड़ा मंगल पड़ेगा। इस बार पूरे ज्येष्ठ मास में चार मंगलवार पड़ रहे हैं।
पं. कृष्णकांत ने बताया कि बड़े मंगल पर मंदिरों में भगवान संकटमोचन के दर्शन कर उन्हें सिंदूर का चोला चढ़ाना चाहिए। प्रभु राम की आराधना श्रेयस्कर रहेगी। मंगल को तुलसीदास रचित हनुमान बाहु और हनुमान साधिका का पाठ करना, आराधना करनी चाहिए।