नगर विकास मंत्री आजम खां का कहना है देश में पशुओं के 80 से 90 फीसदी स्लाटर हाउस गैर मुस्लिमों के हैं। ये ज्यादातर हिंदुओं के हैं। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी यदि गोरक्षा के पक्षधर हैं तो उन्हें बीफ निर्यात पर प्रतिबंध लगा देना चाहिए।
उन्होंने आरोप लगाया कि बीफ का निर्यात मोदी राज में ही सबसे ज्यादा बढ़ा है। एक चैनल से बातचीत करते हुए आजम ने कहा कि आज उस कौम को गद्दार कहा जा रहा है जिसका देश के लिए अहम योगदान है। वीर अब्दुल हमीद से लेकर एपीजे अब्दुल कलाम इसी कौम से हैं।
दादरी को लेकर यूएन जाने पर सफाई
आजम ने दादरी में युवक की हत्या के बाद देश में अल्पसंख्यकों का उत्पीड़न बढ़ने का आरोप लगाते हुए संयुक्त राष्ट्र संघ जाने और देश की पुलिस, न्यायपालिका पर भरोसा न करने से जुड़े सवाल पर सफाई दी।
आजम ने कहा कि ,छह दिसंबर को जब बाबरी मस्जिद ढहाई गई, मुजफ्फरनगर में जब दंगा हुआ, दादरी में जब बेगुनाह युवक की हत्या कर दी गई, आखिर तब ये सब कहां थे? उन्होंने कहा कि उनके यूएनओ जाने पर सवाल उठाया जा रहा है लेकिन मोदी से पूछा जाना चाहिए कि वे कितनी बार यूएनओ गए थे? देश के पीएम छह दिसंबर, मुजफ्फरनगर, मलियाना पर कुछ नहीं बोले।
मोदी झूठे, लव जेहाद, घर वापसी, बेगुनाह की मौत भूल जाएं?
गरीबी के खिलाफ सभी के मिलकर लड़ाई लड़ने की पीएम की अपील को आजम ने झूठा करार दिया। उन्होंने कहा कि लव जेहाद, घर वापसी, बेगुनाह की मौत क्या भूल जाएंगे? योगी आदित्यनाथ, साक्षी महराज, साध्वी निरंजन ज्योति क्या बोलती हैं, क्या उसे कोई भूल पाएगा?
कानून-व्यवस्था को लेकर सरकार का बचाव
आजम ने कानून-व्यवस्था पर प्रदेश सरकार का बचाव किया। कहा, जब बहुसंख्यक तय कर लें कि अल्पसंख्यकों को नहीं रहने देंगे तो कोई सरकार क्या कर लेगी?
इसी तरह उन्होंने सपा सरकार के आने पर यूपी में दंगे शुरू होने से जुड़े सवाल पर बचाव किया। उन्होंने कहा कि यूपी देश का दिल है। यहां बड़ी तादाद में मुस्लिम रहते हैं। जैसे ही उनकी सरकार आती है नफरत फैलाने का काम शुरू कर दिया जाता है।
यूपी से ज्यादा मुस्लिम वाले राज्यों में दंगे क्यों नहीं होते, इस सवाल पर आजम ने कहा कि वहां अयोध्या, काशी और मथुरा नहीं है।