जल्द होगी 500 दंत चिकित्सकों की भर्ती
तीन दिनी स्टूडेंट नेशनल कांफ्रेंस के उद्घाटन अवसर पर बोले चिकित्सा एवं स्वास्थ्य मंत्री
प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों पर दंत चिकित्सकों के और पद सृजित करने की जरूरत है। उत्तर भारत के अधिकतर लोग मुंह के कैंसर से ग्रसित हैं। इसके बारे में जागरूक करने की जरूरत है। लंबित प्रक्रिया जल्द पूरी कर 500 दंत चिकित्सकों की भर्ती की जाएगी। ये बातें शुक्रवार को चिकित्सा एवं स्वास्थ्य मंत्री जय प्रताप सिंह ने कही। वह केजीएमयू के ब्राउन हॉल में इंडियन डेंटल एसोसिएशन के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित तीन दिवसीय स्टूडेंट नेशनल कांफ्रेंस के उद्घाटन पर मौजूद थे।
जय प्रताप सिंह ने बताया कि राज्य सरकार ओरल हेल्थ में सुधार को काम करने जा रही है। सरकार की ओर से खोले जा रहे मेडिकल कॉलेजों से प्रदेश में डॉक्टरों की कमी को पूरा किया जा सकेगा। ग्रामीण क्षेत्रों तक इनकी उपलब्धता कराई जाएगी। उन्होंने कहा कि दंत चिकित्सकों की सेवाओं को प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों तक भी उपलब्ध कराने पर विचार होना चाहिए। मौके पर केजीएमयू के कुलपति प्रो. एमएलबी भटट् ने कहा कि स्वस्थ रहने में ओरल हेल्थ महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। कार्यक्रम के आयोजन सचिव एवं केजीएमयू कंजरवेटिव डेंटेस्ट्री एवं इंडोडोंटिक्स विभाग के प्रो. अनिल चंद्रा ने बताया कि इंडोनेशिया, इजिप्ट, टोक्यो एवं इटली आए 20 से अधिक विशेषज्ञ अगले तीन दिन इलाज के बारे में जानकारी देंगे। इनके साथ यूपी, बिहार, झारखंड, दिल्ली एवं पंजाब के 400 से अधिक विद्यार्थी व प्रतिनिधि प्रतिभाग करेंगे।