उत्तर प्रदेश में कोरोना वायरस के बढ़ते संक्रमण का सिलसिला जारी है। पूरे देश के साथ-साथ यूपी में भी लॉकडाउन लागू है। 24 अप्रैल से रमजान का पाक महीना भी शुरू होने वाला है। ऐसे में इस्लामिक सेंटर ऑफ इंडिया पूरे लखनऊ शहर में जगह-जगह एलान करवा कर लोगों से रमजान के महीने में लॉकडाउन का पालन करने की अपील कर रहा है।
शहर में कई जगह लाउडस्पीकर से एलान करवाया जा रहा है कि सभी लोग रमजान के दौरान घरों में रहकर ही दुआ करें और सोशल डिस्टेंसिंग का भी पालन करें। इससे पहले इस्लामिक सेंटर ऑफ इंडिया के अध्यक्ष व ईदगाह के इमाम मौलाना खालिद रशीद फरंगी महली ने भी रमजान के दौरान लॉकडाउन का पूरी तरह से पालन करने की अपील की थी। मौलाना ने सरकार व प्रशासन से रमजान में जरूरी चीजों की उपलब्धता बनाये रखने की मांग की थी।
इसके बाद सीएम योगी ने रमजान के मौके पर अधिकारियों को विशेष हिदायत देते हुए कहा कि आवश्यक सामग्री की डोर स्टेप डिलीवरी कराई जाए। सीएम योगी ने भी प्रदेशवासियों से अपील की है कि रमजान के समय सहरी और रोजा इफ्तार घर पर ही करें।
मौलाना ने जिला प्रशासन के अधिकारियों और मुसलमानों से अपील करते हुए कहा था कि 24 अप्रैल को रमजानुल मुबारक का चांद देखा जाएगा। अगर चांद हो गया तो 25 अप्रैल को पहला रोजा होगा वरना 26 को पहला रोजा रखा जाएगा।
वहीं ऑल इंडिया मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड के सदर मौलाना राबे हसनी नदवी ने मुसलमानों से रमजान में घरों में इबादत करने की अपील की है। उन्होंने कहा था कि कोरोना वायरस की वजह सबके लिए जरूरी है कि रमजान के मौके पर इबादत घरों में करें, क्योंकि ये वक्त का तकाजा भी है। इससे एक अच्छी मिसाल कायम होगी।