मई 2019 से लक्ष्मी गांव में ही अपने पति के साथ उसके घर पर रहने लगी। इस बीच लक्ष्मी के परिजन उस पर गांव छोड़कर कहीं और जाने का दबाव बनाने लगे। पिता का कहना था कि परिजनों के विरोध के बावजूद लक्ष्मी गांव में रह रही है, जिससे उनकी बदनामी हो रही है।
अक्सर इस बात को लेकर लक्ष्मी के परिजन उससे झगड़ा करते थे। मंगलवार सुबह भी इसी बात को लेकर झगड़ा हुआ। दोनों परिवार के सदस्य आमने-सामने आ गए और कहासुनी शुरू हो गई। लक्ष्मी के परिजन इससे भड़क गए और उसकी पिटाई कर दी।
अरुण का आरोप है कि उसके ससुर बैजनाथ, सास प्रेम कुमारी व चचेरा साला बबलू ने पत्नी को जमकर पीटा। तीनों मिलकर उसे घर से ले गए और कीटनाशक पिला दिया। अरुण व ससुराल वालों ने उसे ट्रॉमा सेंटर ले जाकर भर्ती कराया।
इस बीच लक्ष्मी के माता-पिता ने अरुण पर जहर पिलाने का आरोप लगाते हुए पुलिस से शिकायत कर दी। लक्ष्मी ने पुलिस से बयान में माता-पिता व चचेरे भाई पर आरोप लगाया। प्रशिक्षु आईपीएस का कहना है कि अरुण की तरफ से तीनों के खिलाफ केस दर्ज कर लिया गया है।