लखनऊ। कृष्णानगर के विनय नगर निवासी संपत राय ने विभूतिखंड में रहने वाले बीबीआर सिक्योरिटी सर्विस रियल एस्टेट फर्म संचालक समरेंद्र पर निवेश के नाम पर दस लाख रुपये ऐंठने का आरोप लगाया है। डीसीपी पूर्वी शशांक सिंह के आदेश पर विभूतिखंड पुलिस ने आरोपी के खिलाफ एफआईआर दर्ज की है।
संपत के मुताबिक समरेंद्र उनका परिचित है। 2020 में आरोपी ने उनसे अपनी फर्म के जरिये विभिन्न प्रॉपर्टी में निवेश करने का झांसा दिया था। बातों में आए पीड़ित ने उसी साल चेक के जरिये 11 लाख रुपये समरेंद्र को दे दिए, जो उसने निवेश कर दिए। आरोप है कि लाभ होने पर आरोपी ने संपत्ति बेच दी और उन्हें मुनाफा नहीं दिया। संपत का आरोप है कि चार साल तक दौड़ने के बाद आरोपी ने उन्हें सिर्फ एक लाख रुपये लौटाए। बची रकम मांगने पर उन्हें हत्या की धमकी दी। पीड़ित ने बताया कि आरोपी ठगी के मामले में एक बार जेल भी जा चुका है। इंस्पेक्टर सुनील कुमार सिंह के मुताबिक मामले की तफ्तीश की जा रही है।
सेल्स स्टाफ पर दो लाख का गबन करने का आरोप
लखनऊ। विभूतिखंड निवासी मेसर्स आदित्य ल्यूब्स फर्म के संचालक शैलेंद्र अग्रवाल ने बड़ी जुगौली में रहने वाले अपने सेल्स स्टाफ आलोक निषाद पर दो लाख रुपये का गबन करने का आरोप लगाया है। गाजीपुर पुलिस ने आरोपी के खिलाफ एफआईआर दर्ज की है।
शैलेंद्र के मुताबिक उनकी फर्म का दफ्तर विभूतिखंड में है, जहां 2022 से आलोक नौकरी कर रहा था। आरोपी के पास इंदिरानगर में दुकानदारों से उधारी की वसूली करने का जिम्मा था। आरोप है कि आलोक ने दुकानदारों से दो लाख वसूल किए और अपने खाते में ट्रांसफर कर लिए। गबन की जानकारी ऑडिट होने पर पता चली। पीड़ित के पूछने पर आरोपी ने आरोप स्वीकार किया। रकम मांगने पर वह धमकाने लगा। इंस्पेक्टर विकास राय के मुताबिक मामले की विवेचना चल रही है।